विद्युत विभाग की ओर से बकाया वसूली के लिए चलाई गई एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) को जिले में अपेक्षित सफलता नहीं मिल सकी। चार महीने तक चले इस अभियान में कुल 185 करोड़ रुपये के बकाये में से मात्र 43 करोड़ रुपये ही जमा हो पाए, जबकि करीब 142 करोड़ रुपये अब भी बकाया रह गए हैं।
विभाग ने इस योजना के तहत दो किलोवाट तक के घरेलू और एक किलोवाट तक के कॉमर्शियल कनेक्शन धारकों को बकाया जमा करने का विशेष अवसर दिया था। इसमें सरचार्ज में छूट समेत कई लाभ दिए गए थे, ताकि उपभोक्ता आसानी से अपना बकाया चुका सकें। ओटीएस के अपेक्षित परिणाम न मिलने के बाद अब विद्युत विभाग सख्ती के मूड में नजर आ रहा है।
बकाया उपभोक्ताओं के खिलाफ कनेक्शन विच्छेदन और अन्य वसूली की कार्रवाई तेज की जा सकती है। अधीक्षण अभियंता अजीत कुमार सिंह ने बताया कि जिन उपभोक्ताओं ने ओटीएस का लाभ नहीं उठाया है, उन्हें अब जल्द से जल्द बकाया जमा कर देना चाहिए, अन्यथा उनके कनेक्शन काटे जा सकते हैं और कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
आंकड़ों में स्थिति
-कुल बकाया : 185 करोड़ रुपये
-जमा राशि : 43 करोड़ रुपये
-शेष बकाया : 142 करोड़ रुपये
-कुल उपभोक्ता : करीब 2.76 लाख
-घरेलू कनेक्शन : 85 फीसदी
-कॉमर्शियल कनेक्शन : 15 फीसदी