प्रदेश सरकार ने आलू के गिरते भाव और बढ़ती लागत के बीच किसानों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए राहत योजना लागू की है। इसके तहत किसानों को उनके भंडारित आलू पर प्रति क्विंटल 100 रुपये का अनुदान दिया जाएगा। योजना का लाभ उठाने के लिए जिले के किसानों ने ऑनलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
जिला उद्यान अधिकारी सुनील कुमार ने बताया कि इस योजना के तहत किसानों को उनके कोल्ड स्टोरों में भंडारित आलू के भंडारण शुल्क पर प्रति क्विंटल 100 रुपये का अनुदान दिया जाएगा। एक किसान अधिकतम 200 क्विंटल आलू (यानी 400 पैकेट) पर इस अनुदान का लाभ उठा सकता है, जिससे उसे सीधे तौर पर अधिकतम 20 हजार रुपये तक की आर्थिक सहायता मिलेगी।
योजना का लाभ उठाने के लिए जिले के किसानों की ऑनलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अनुदान राशि सीधे बैंक खाते में प्राप्त करने के लिए किसानों को पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के समय आमद रसीद (कोल्ड स्टोरेज), गेट पास, बिक्री संबंधी दस्तावेज, बैग (बोरी) के सत्यापन की रिपोर्ट, आधार कार्ड और खतौनी (जमीन के कागजात) जैसे आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे। वर्तमान में जिले के विभिन्न कोल्ड स्टोरेज में कुल क्षमता के सापेक्ष लगभग 60 फीसदी आलू भंडारित है।