मथुरा-कासगंज रेलखंड पर पहली बार पीलीभीत-मैलानी-लखीमपुर मार्ग से होकर गोमतीनगर-बांद्रा टर्मिनल स्पेशल एक्सप्रेस का संचालन शुरू किया गया है। हाथरस के यात्रियों को इस ट्रेन का कोई सीधा लाभ नहीं मिल पा रहा है, क्योंकि ट्रेन को यहां ठहराव ही नहीं दिया गया है।
इस स्पेशल ट्रेन का संचालन पांच मई तक किया जाएगा और इसे कुल पांच फेरों के लिए चलाया जा रहा है। खास बात यह है कि इस मार्ग पर पहली बार पीलीभीत, मैलानी और लखीमपुर के लिए मथुरा-कासगंज रेलखंड से जोड़ने वाली ट्रेन चलाई गई है, जिससे इन क्षेत्रों के यात्रियों को नई कनेक्टिविटी मिली है।
ट्रेन को मथुरा और कासगंज जैसे प्रमुख स्टेशनों पर ठहराव दिया गया है, लेकिन हाथरस जैसे महत्वपूर्ण स्टेशन को नजरअंदाज किया गया है। इससे स्थानीय यात्रियों में नाराजगी देखने को मिल रही है। हाथरस के यात्रियों का कहना है कि लंबे समय से पीलीभीत, मैलानी और लखीमपुर के लिए सीधी ट्रेन की मांग की जा रही थी।
ट्रेन का संचालन शुरू होने के बावजूद ठहराव न मिलने से उनकी उम्मीदों पर पानी फिर गया है। उन्हें पहले की तरह अन्य स्टेशनों पर जाकर ट्रेन पकड़नी पड़ रही है। यात्रियों और सामाजिक संगठनों ने रेलवे प्रशासन से मांग की है कि इस स्पेशल ट्रेन को आगामी फेरों में हाथरस स्टेशन पर भी ठहराव दिया जाए, ताकि यहां के यात्रियों को भी इस नई सेवा का लाभ मिल सके। पूर्वाेत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल के वरिष्ठ मंडलीय वाणिज्य प्रबंधक संजीव कुमार शर्मा ने बताया कि इस तरह के निर्णय के लिए रेलवे बोर्ड से लिए जाते हैं। रेलवे बोर्ड से अगर स्वीकृति मिलेगी तो ट्रेन का हाथरस में अवश्य ठहराव होगा।