नगर पालिका बोर्ड की बैठक के लिए सदर विधायक हरीशंकर माहौर लगातार ईओ लल्लनराम यादव को फोन मिलाते रहे। लेकिन ईओ ने उनके फोन को रिसीव ही नहीं किया।
विधायक चार घंटे तक ईओ के इंतजार में बैठे रहे। कई बार फोन भी किए। कर्मचारियों को ईओ आवास भी भेजा गया। फिर भी ईओ बैठक में नहीं पहुंचे। विधायक के साथ-साथ सभासद भी इस बात को लेकर झल्ला उठे। बाद में बैठक स्थगित कर दी गई।
शहर की जनता के लिए सोमवार को टाउन हॉल में हुई बैठक बहुत ही महत्वपूर्ण थी। स्वकर निर्धारण के तहत पालिका अधिकारियों द्वारा मनमानी करते हुए 80 से 100 फीसदी तक टैक्स बढ़ाकर जनता पर थोप दिया गया है। इस बैठक में इसी टैक्स को कम किए जाने का प्रस्ताव बनाकर रखा जाना था और सभासदों को इस पर मुहर लगानी थी। सोमवार को ही चेयरमैन और सभी सभासदों का कार्यकाल भी समाप्त हो गया। यदि यह बैठक पूर्ण हो जाती और प्रस्ताव बनाकर उसे बोर्ड में पास करा दिया जाता तो शहर की जनता को मनमाने तरीके से बढ़ाकर थोपे गए टैक्स की वसूली से मुक्ति मिल जाती।
शहर की जनता को अब पालिका द्वारा निर्धारित किए गए टैक्स को ही अदा करना पड़ेगा। टैक्स को लेकर पूर्व की तरह एक बार फिर से शहर में हंगामा होगा और राजनीति भी की जाएगी। बैठक में सभासद आशीष शर्मा, मनोज अग्निहोत्री, संदीप कुमार, प्रशांत शर्मा, कमल कर्दम, सुरेश चौधरी, विजय सविता, वैभव गौतम, प्रदीप शर्मा, असलम बेग, जाकिर भाई, गीता प्रेमी, बाला शर्मा, सुधा शर्मा, बीना जैन, गजेंद्र सविता आदि सभासद मौजूद थे।