न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
शासन के दूत ने ओमिक्रॉन से निपटने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा की गईं तैयारियों का जायजा लिया। यहां उन्हाेंने कोविड एल टू अस्पताल का निरीक्षण किया। पीकू वार्ड के बारे में भी जानकारी ली। अस्पताल में तैनात स्वास्थ्य कर्मियों से इमरजेंसी में आने वाले मरीज को दिए जाने वाले उपचार के बारे में जानकारी ली। यहां लगे ऑक्सीजन प्लांट व कोविड जांच की प्रयोगशाला का भी निरीक्षण किया।
शुक्रवार को संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य मुख्यालय लखनऊ डॉ. सुधीर कुमार यादव जिला अस्पताल परिसर में बने कोविड एल टू में ओमिक्रॉन को लेकर की गईं तैयारियों का जायजा लेने यहां आए। डॉ. यादव ने यहां लगे वेंटिलेटर और अन्य मशीनों का संचालन करने वाले स्वास्थ्य कर्मियों से बातचीत की। सभी मशीनों को चलवाकर भी देखा। यहां ऑक्सीजन आपूर्ति के सिस्टम के बारे में भी जानकारी ली। पीकू वार्ड के ऑपरेटिंग सिस्टम से लेकर उपचार के लिए प्रयोग होने वाले साधनों के बारे में विस्तार से डॉ. यादव ने संबंधित स्वास्थ्य कर्मियों से पूछताछ की।
अस्पताल परिसर में लगे ऑक्सीजन प्लांट के ऑपरेटिंग सिस्टम के बारे में भी जानकारी दी। यहां के बाद डॉ. यादव कोविड की आरटीपीसीआर जांच के लिए तैयार की गई प्रयोगशाला पहुंचे। यहां लैब से संबंधित विभिन्न बातों की विस्तार से जानकारी ली। निरीक्षण में मिलीं खामियों को दूर करने के संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए। इस मौके पर एसीएमओ डॉ. विजेंद्र सिंह, डॉ. राजीव गुप्ता आदि मौजूद थे। संवाद
जेडी ने सासनी में भी देखीं इलाज की तैयारियां
सासनी। कोरोना की तीसरी लहर को देखते हुए स्वास्थ्य महानिदेशालय लखनऊ के संयुक्त निदेशक (जेडी) डॉ. सुधीर कुमार ने शुक्रवार को कस्बे के स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। जेडी ने कोरोना से बचाव के लिए बनाए गए पीकू वार्ड में विभागीय अधिकारियों द्वारा की गई व्यवस्थाओं का जायजा लिया। वार्ड में मरीजों के लिए तैयार किए गए बेड, आइसोलेशन वार्ड एवं महिला वार्ड की व्यवस्थाएं देखीं। जेडी ने बताया कि उन्होंने देखा है कि यहां जो भी कोरोना पीड़ित मरीज आएंगे, उनको उपचार के लिए क्या व्यवस्थाएं हैं। मरीजों को प्राथमिक उपचार के लिए क्या सुविधा दी जाएगी। दवाओं का पर्याप्त भंडारण है या नहीं। कोविड एल वन वार्ड में कुछ ऐसी चीज हैं, जिनमें सुधार की आवश्यकता है। एसीएमओ डॉ. राजीव गुप्ता, एमओआईसी डॉ. एसपी सिंह, फार्मास्सिट चंद्रशेखर एवं अधीनस्थ स्टाफ मौजूद था। संवाद