न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिकंदराराऊ (हाथरस)।
कोतवाली पुलिस ने 18 घंटे के हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद महिला बीडीसी सदस्य के अपहरण के मामले में नामजद सपा नेता बंटी यादव को जेल भेज दिया गया है। मंगलवार की शाम को बंटी की गिरफ्तारी के बाद से बुधवार की सुबह तक राजनीतिक गहमागहमी का माहौल बना रहा। पुलिस ने बंटी पर शस्त्र लाइसेंस के नियमों का उल्लंघन के तहत आर्म्स एक्ट की धारा 30 एवं कोरोना के नियम के उल्लंघन की धारा 188 के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
बता दें कि अपनी मां सुदामा देवी को ब्लॉक प्रमुख का चुनाव लड़ा रहे बंटी यादव के खिलाफ बीडीसी सदस्य भगवान देवी के अपहरण एससीएसटी एक्ट की रिपोर्ट भगवान देवी के पुत्र ने दर्ज कराई। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में भगवान देवी ने रिट याचिका दायर कर दी, लेकिन मंगलवार की शाम को बंटी यादव को कोतवाली पुलिस ने पंत चौराहे से गिरफ्तार कर लिया।
बंटी की गिरफ्तारी के बाद बड़ी संख्या में सपा कार्यकर्ताओं ने विरोध करते हुए कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया था। सपाइयों का कहना है कि जब भगवान देवी कह रही हैं कि उनका अपहरण नहीं हुआ है। वह रिश्तेदारी में गई थीं तो इसमें अपहरण का मामला कैसे बनता है। पुलिस ने एहतियातन बंटी को रात में ही जिले के दूसरे थाने में भेज दिया था। वहां से उसे सुबह जेल भेज दिया गया।
बंटी पर दर्ज हैं यह मुकदमे
सिकंदराराऊ। पुलिस के मुताबिक देवेंद्र यादव उर्फ बंटी यादव पर एटा जिले में कई संगीन मामले दर्ज हैं। इनमें वर्ष 1993 में धारा 504, 506, वर्ष 1994 में धारा 302, वर्ष 1996 में धारा 147, 148,149, 307, वर्ष 2005 में धारा 302, वर्ष 2005 में धारा 419, 420, 448, 511, 427, वर्ष 2005 में ही धारा 384, वर्ष 2006 में गैंगस्टर एक्ट, वर्ष 2011 में धारा 279, 304 ए, वर्ष 2011 में धारा 307, 34ए, वर्ष 2020 में धारा 147, 148, 149, 307, 384, 506, 323, वर्ष 2021 में थाना सिकंदराराऊ में धारा 343, 364 एससीएसटी एक्ट, धारा 30 आर्म्स एक्ट एवं धारा 188 के तहत मुकदमे दर्ज हैं।