न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
कोरोना काल में लोग घरों में कैद जरूर हो रहे हैं, लेकिन आमदनी न होने से उनकी पैसों की जरूरत बढ़ती जा रही है। जिले के पोस्टल बैंक में प्रतिदिन करीब 300 लोग 15 लाख रुपये प्रतिदिन का ट्रांजेक्शन कर रहे हैं। इसके अलावा पोस्टमैन की मदद से डोर स्टेप सेवा के तहत भी राशि दी जा रही है। कोरोना काल से पहले प्रतिदिन 500 खाताधारक लेनदेन कर रहे थे।
उल्लेखनीय है कि पोस्टल बैंक की शुरुआत बीते सालों में हुई थी। हाथरस सहित देशभर में पीएम मोदी ने इसका शुभारंभ किया था। वर्तमान में पोस्टल बैंक में करीब 35 हजार खाताधारक हैं। पोस्टल बैंक के जरिये विधवा पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, गैस सब्सिडी के अलावा बच्चों के खाते में एमडीएम की धनराशि आती है। सभी खाताधारकों को बैंक की ओर से एक कार्ड दिया गया है, जिसकी मदद से वह लेनदेन करते हैं।
कोरोना काल में पोस्टल बैंक लोगों के लिए खासे मददगार बन रहे हैं। प्रतिदिन 300 लोग 15 लाख रुपये का लेनदेन पोस्टल बैंक के माध्यम से कर रहे हैं। साथ ही डोर स्टेप सेवा के तहत पोस्टमैन शहर से ग्रामीण अंचल तक लोगों को घर बैठे धनराशि उपलब्ध करा रहे हैं। इस काम के लिए पोस्टमैन को एक मशीन दी गई है, जिसकी मदद से वह लेनदेन की प्रक्रिया को पूरा करते हैं। पोस्टल बैंक से एक बार में 10 हजार रुपये तक का ही लेनदेन किया जा सकता है। पोस्टल बैंक मैनेजर अंकुर जैन का कहना है कि कोरोना काल में प्रतिदिन 300 लोग 15 लाख रुपये तक का ट्रांजेशन कर रहे हैं। डोर स्टेप सेवा के तहत घर बैठे ही धनराशि मुहैया कराई जा रही है।