न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
जिले के 53 क्रय केंद्र प्रभारियों को अब गेहूूं खरीद के लिए नया पंजीकरण नहीं करेंगे। शासन स्तर से गेहूं खरीद के लिए होने वाले पंजीकरण पर रोक लगा दी गई है। अब तक 17 हजार चार सौ 36 किसानों में से 10 हजार से अधिक किसानों ने गेहूं बेचा है। इसके साथ लक्ष्य 74 प्रतिशत पूरा हो गया है। अब केंद्र प्रभारियों द्वारा पंजीकृत किसानों को जल्द से जल्द केंद्र पर बुलाने की कोशिश शुरू कर दी गई है, ताकि खरीद होने के बाद गेहूं को समय से गोदामों में पहुंचाया जा सके।
उल्लेखनीय है कि इस बार शासन स्तर से गेहूं खरीद का कोई लक्ष्य तय नहीं किया गया है। एक अप्रैल से जिले के 53 क्रय केंद्रों पर गेहूं खरीद की शुरुआत हुई है। जिले में 17 हजार 436 किसानों ने क्रय केंद्र पर गेहूं बेचने के लिए पंजीकरण कराया है। 30 मई तक जिले के 10 हजार से अधिक किसानों ने चार लाख तीस हजार क्विंटल गेहूं क्रय केंद्रों पर पहुंचाया है। करीब छह हजार किसान अभी गेहूं बेचने के लिए रह गए हैं। इसके साथ शासन स्तर से गेहूं खरीद के लिए होने वाले पंजीकरण पर रोक लगा दी गई है।
डिप्टी आरएमओ राजेश कुमार का कहना है कि गेहूं खरीद के लिए होने वाले पंजीकरण पर शासन स्तर से रोक लगा दी गई है। अब तक 17 हजार चार सौ किसानों ने पंजीकरण कराने के बाद 10 हजार से अधिक किसानों ने गेहूं बेचा है। चार लाख 30 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद हुई है। 74 प्रतिशत गेहूं की खरीद हो चुकी है।