न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के निर्देश पर सरकार की जनविरोधी नीति एवं महंगाई के विरोध में अगस्त क्रांति दिवस के मौके पर भाजपा गद्दी छोड़ो मार्च निकाला। मार्च नयागंज स्थित कांग्रेस कार्यालय से शुरू हुआ। इस मौके पर कांग्रेसियों ने जमकर नारेबाजी भी की। इस दौरान कांग्रेस के जिलाध्यक्ष सहित कई पदाधिकारियों ने हाथ में कटोरा लेकर भी प्रदर्शन किया और भीख भी मांगी। वहीं कांग्रेस के इस प्रदर्शन को लेकर पुलिस प्रशासन भी अलर्ट रहा।
कांग्रेस का यह मार्च कांग्रेस कार्यालय से शुरू होकर पत्थर बाजार, लोहट बाजार, सादाबाद गेट, रूई की मंडी, नाजिहाई, घंटाघर, बेनीगंज, पंजाबी मार्केट, रामलीला ग्राउंड, कमला बाजार, सासनी गेट, गुडहाई बाजार, परसट्टा बाजार होते हुए वापस कार्यालय पहुंचा। यहां कांग्रेसियों ने धरना दिया। मौके पर प्रदेश सचिव व जिला प्रभारी अमित सिंह ने कहा कि वर्तमान सरकार की नीतियों से हर वर्ग दुखी है। प्रत्येक जनमानस त्राहि-त्राहि कर रहा है।
जिलाध्यक्ष चंद्रगुप्त विक्रमादित्य ने कहा कि आज प्रदेश और केंद्र सरकार की नीतियां जनविरोधी हैं। जनता भाजपा को सत्ता से हटाने का मन बनाए हुए हैं। महिला इकाई की प्रदेश उपाध्यक्ष बीना गुप्ता एडवोकेट ने कहा इस सरकार में महिलाओं पर अत्याचार हो रहे हैं। महिलाएं सुरक्षित नहीं है।
शहर अध्यक्ष विनोद कुमार कर्दम ने कहा अब समय आ गया है आज पूरा विपक्ष कांग्रेस के साथ है। मार्च में शैलेंद्र शर्मा, मुन्ना लाल शर्मा, ठाकुर आकाश सिंह, कुलदीप कुमार सिंह, आदित्य शर्मा, राम ब्रिज सिंह एड., विष्णु कुमार आदि थे। वहीं, गांव कोका में आंदोलन की वर्षगांठ पर सियाराम की अध्यक्षता में मार्च निकाला गया। मार्च कोका, अल्हैपुर, तुरसैन, आदि गांवों में निकाला।
इस मौके पर पूर्व जिलाध्यक्ष करुणेश मोहन दीक्षित ने कहा कि महंगाई, बेरोजगारी, किसान उत्पीड़न आदि के बारे में बताया। जनता से भाजपा को उखाड़ फेंकने की अपील की। पूर्व जिलाध्यक्ष ब्रह्मदेव शर्मा ने कहा कि आज पेट्रोल, डीजल रसोई गैस खाद्य तेल आदि वस्तुओं की महंगाई से जनता त्रस्त है। मौके पर अवधेश बख्शी, डॉ. राजेश गोस्वामी, चौ राजकुमार सिंह, संजीव आंधीवाल, कपिल सिंह, शिफायत खां, बनवारी लाल त्यागी, विपन कुमार, देवेंद्र कुमार, बनी सिंह, धर्म सिंह, शरद शर्मा, वेदप्रकाश बाबा, जीतू, श्रीकृष्ण शर्मा, शेर सिंह, राजेश कुमार, योगेंद्र कुमार, अशोक कुमार, ओमवीर कौशिक, रामजीलाल, चारू कौशिक, राजेंद्र प्रसाद, संतोष कुमार आदि रहे। संवाद