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हाथरस : उत्पीड़न का आरोप लगाकर वीडियो वायरल करने वाला हेड कांस्टेबल निलंबित

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हसायन (हाथरस)
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कोतवाली प्रभारी पर उत्पीड़न का आरोप लगाकर वीडियो वायरल करना कोतवाली के हेड कांस्टेबल को महंगा पड़ गया। पुलिस अधीक्षक ने पुलिस क्षेत्राधिकारी की रिपोर्ट पर निलंबित कर दिया है।
हसायन थाने में तैनात हेड कांस्टेबल अनिल कुमार पांडेय का दो दिन पहले एक वीडियो वायरल हो हुआ था। इसमें वह कह रहे थे कि कोतवाली प्रभारी श्याम सिंह जिस दिन से कोतवाली में तैनात होकर आए हैं, उसी दिन से उनको प्रताड़ित करने में लगे हैं। नौ मई को न्यायालय विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर कोर्ट कासगंज में सीओ सुरेंद्र सिंह व कोतवाली प्रभारी श्याम सिंह से अनुमति लेकर नोटिस साक्ष्य के लिए गए थे। उसके बाद भी कोतवाली प्रभारी श्याम सिंह ने जीडी में तस्करा दर्ज करा दिया था।
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इस वीडियो में पांडेय कह रहे हैं कि कोतवाली में कंडम वाहनों के निस्तारण की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने अपनी तनख्वाह से खर्च कर माल निस्तारण के लिए आरटीओ के यहां प्रार्थना पत्र दे दिया गया है मगर अभी तक एसडीएम के द्वारा अनुमति नहीं दिए जाने के कारण माल का निस्तारण नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा है कि बृहस्पतिवार को कोतवाली प्रभारी श्याम सिंह ने धमकी देते हुए कहा कि15 मई को पीटीसी मुरादाबाद में होने वाले हेड (उपनिरीक्षक पद) के लिए होने वाले प्रशिक्षण में नहीं जाने दूंगा। इस संबंध में कोतवाली प्रभारी श्याम सिंह का कहना था कि उन्होंने हेड कांस्टेबल को कई बार हिदायत दी मगर विभागीय कार्य में रुचि नही लिए जाने के कारण आदेश का अनुपालन नही किए जाने के दौरान जीडी में तस्करा अंकित कराया गया है।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी हुए हेड कांस्टेबल के निलंबन के आदेश में लिखा है कि उनके द्वारा कोतवाली प्रभारी से टीका टिप्पणी करते हुए उच्चाधिकारियों के आदेश का पालन न करते हुए स्वेच्छा से सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल किया गया है, जिससे पुलिस विभाग की छवि धूमिल होने के साथ जनता में अविश्वास की भावना प्रकट हुई है।
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हेड कांस्टेबल को कोई समस्या थी तो वह नियमानुसार अपने उच्चाधिकारियों को अवगत कराते, परंतु उन्होंने ऐसा न कर राजकीय कर्तव्य पालन के प्रति लापरवाही व अनुशासनहीनता का परिचय दिया है। हेड कांस्टेबल अनिल कुमार को निलंबित करते हुए उनके खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं और उन्हें पुलिस लाइन में मौजूद रहने के निर्देश जारी किए गए हैं। हेड कांस्टेबल अनिल कुमार पांडेय का कहना है कि मेरा पक्ष नहीं सुना गया है। मुझे दबाव में लेकर मेरे बयान दर्ज कराए और मेरे खिलाफ एकतरफा कार्रवाई कर दी गई। संवाद
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