न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सादाबाद (हाथरस)
कृषि कानूनों का विरोध अब गांव-गांव शुरू हो गया है। किसानों ने पंचायतों का आयोजन शुरू कर दिया है। क्षेत्र के गांव नगला छत्ती में भाकियू के बैनर तले शुक्रवार को कृषि कानूनों के विरोध में किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। महापंचायत में किसानों नेताओं ने हुंकार भरते हुए कहा कि जब तक इन कानूनों को वापस न लिया गया, तब तक किसान पीछे हटने वाले नहीं हैं।
पूर्व विधायक और किसान कांग्रेस के चेयरमैन डॉ. अनिल चौधरी ने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा बनाए गए कृषि कानून किसान विरोधी हैं। इनसे किसानों का कोई भला नहीं होने वाला। देश का अन्नदाता पिछले काफी समय से इन कानूनों की वापसी की मांग को लेकर भीषण ठंड में धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर है, लेकिन सरकार नहीं सुन रही। उन्होंने कृषि कानूनों के विरोध में जाति और धर्म से ऊपर उठकर गांव गांव पंचायतें आयोजित करने की अपील की।
भाकियू जिलाध्यक्ष उदयपाल सिंह दरोगा ने कहा कि किसानों की आवाज को दबने नहीं दिया जाएगा। भाकियू किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलेगी। संचालन चंद्रेश चौधरी ने किया। इस मौके पर महीपाल सिंह, दौलत सिंह, खेम सिंह, विजयपाल सिंह प्रधान, राधाकृष्ण प्रधान, ईशान चौधरी, विनोद उर्फ गुड्डू चौधरी, देवेंद्र सिंह दरोगा, श्यामवीर सिंह, पदम सिंह, रज्जन सिंह, रेव कुमार सिंह, रूपेश चौधरी, निहाल सिंह, सौदान सिंह, श्रीराम आदि किसान मौजूद रहे।