हाथरस। कोरोना काल में लोगों की समस्या को ध्यान में रखते हुए बिजली महकमे ने जिले के करीब 29 हजार उपभोक्ताओं को सहूलियत दी है। लॉकडाउन में ओटीएस में पंजीकरण कराने के बाद बिल जमा नहीं कर पाने वाले उपभोक्ता अपना बकाया अगले तीन माह में किस्तों में जमा कर सकेंगे। इस सहूलियत का फायदा सात हजार नलकूप और 22 हजार घरेलू उपभोक्ताओं का होगा।
उल्लेखनीय है कि लॉकडाउन में बिजली का बिल जमा नहीं कर पाने वाले उपभोक्ताओं को बिजली निगम द्वारा राहत दी गई है। बीते महीनों में शुरू हुई ओटीएस में अधिकांश लोगों ने बकाया से मुक्ति पाने के लिए पंजीयन करा लिए। कोरोना काल के चलते लोग घरों से नहीं निकले। इस कारण वह पहली किस्त के बाद बाकी बिजली बिल जमा नहीं कर पाए, जिससे बिजली महकमे का राजस्व गिरा। लोगों की समस्या को ध्यान में रखते हुए बिजली महकमे द्वारा उपभोक्ताओं को राहत दी गई है। मार्च, अप्रैल और मई माह में लॉकडाउन की किस्तों को आगे जमा कर सकेंगे। इससे उन्हें ओटीएस के तहत ब्याज माफी का लाभ होगा।
वर्तमान में उपभोक्ताओं को जुलाई का बिल और इस माह की किस्त को जमा करना होगा। तभी उनकी ओटीएस निरंतर जारी रहेगी। बिजली महकमे को निगम स्तर से नलकूप किसानों की 14 हजार ओटीएस का लक्ष्य मिला था, जिसके सापेक्ष बिजली महकमे ने कड़ी मशक्कत के बाद 11 हजार लोगों के पंजीयन हुए। 11 हजार में सात हजार लोग ऐसे हैं, जिन्होंने पहली किस्त के बाद बकाया जमा नहीं किया है। आसान किस्त योजना में 22 हजार उपभोक्ताओं ने पंजीयन कराया है।
अब ओटीएस खत्म हो गई है। जिन बकायेदारों ने ओटीएस में पंजीयन नहीं कराया है, अब उनके खिलाफ बिजली महकमा कार्रवाई करने के मूड में नजर आ रहा है। अधीक्षण अभियंता हरीमोहन का कहना है कि लॉकडाउन की अवधि में जो उपभोक्ता बकाया किस्त जमा नहीं कर पाए। वह किस्त पूरी होने के बाद अगले तीन माह में किस्तों को जमा कर सकते हैं।