शुक्रवार रात आई तेज आंधी और बारिश ने जिले की विद्युत व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित कर दिया। शहर से लेकर देहात तक कई स्थानों पर पेड़ बिजली लाइनों पर गिर गए, जबकि कई जगह तार आपस में टकराने से फॉल्ट हो गया। इसके चलते बड़े पैमाने पर बिजली आपूर्ति ठप हो गई। आपूर्ति ठप होने पर कई जगह ग्रामीणों ने हंगामा भी किया।
सबसे अधिक असर सादाबाद और सासनी क्षेत्र में देखने को मिला। यहां क्रमश: 70 और 35 बिजली के खंभे गिर गए। कुल मिलाकर जिले में करीब 176 खंभे क्षतिग्रस्त होने से आपूर्ति बुरी तरह बाधित हो गई। शहर के ओढ़पुरा, प्रगतिपुरम, सोखना और गिजरौली देहात फीडर समेत लगभग सवा सौ गांवों में पूरी रात बिजली गुल रही।
शनिवार दोपहर तक भी कई गांवों में आपूर्ति सुचारू नहीं हो सकी। बिजली गुल होने का सबसे ज्यादा असर पेयजल व्यवस्था पर पड़ा। सबमर्सिबल पंप बंद होने से ग्रामीणों को हैंडपंपों पर निर्भर रहना पड़ा। कई गांवों में सुबह से ही पानी भरने के लिए लंबी कतारें देखी गईं। पशुपालकों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा, जबकि डेयरी संचालकों ने दूध खराब होने की आशंका जताई।
सादाबाद के रसमई में किया हंगामा
सादाबाद क्षेत्र के गांव रसमई बिजलीघर पर आपूर्ति में देरी और कथित लापरवाही को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। दर्जनों ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर विरोध-प्रदर्शन किया और लाइनमैन पर अनदेखी के आरोप लगाए। ग्रामीणों का कहना था कि शिकायतों के बावजूद समय पर फॉल्ट ठीक नहीं किए जाते।
अवर अभियंता सौरभ शर्मा ने बताया कि आंधी-बारिश के कारण आपूर्ति बाधित हुई है और मरम्मत कार्य तेजी से कराया जा रहा है। साथ ही, लाइनमैन के खिलाफ मिली शिकायतों की जांच कर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया है। इस दौरान ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे उच्च अधिकारियों का घेराव करेंगे। गांव में देर शाम तक आपूर्ति बाधित रही।
सैकड़ों गांव में पूरी रात आपूर्ति रही बाधित
चंदपा और बामौली बिजलीघर से जुड़े सैकड़ों गांवों में रातभर आपूर्ति बाधित रही। बिजली गुल हो जाने से चंदपा और बामौली बिजली घर से लगे सैकड़ों गांवो ने बिजली संकट झेला। जिसमें अर्जुनपुर, चाचपुर, भटेला, महमूदपुर जाटान, नगरिया, नगला मोतीराय, नगला मंसा, कोरना, रोहई, पारासर, गदाई, चितावर, चंदपा, खेरिया जोध, केवल गढ़ी, संटीकरा, ओझा, बिसाना, अनीगढ़ी, लखूपुरा, खेरिया डहर, खेड़ा परसौली, बघना, झींगुरा, बूलगढ़ी, पट्टी सावंत, गढ़ी परती बनारसी, नगला भुस, कुमरपुर, मीतई, सहित सैकड़ों गावों की बिजली गुल रही।