बदमाश जाते समय दरवाजा बाहर से बंद कर गए। किसी प्रकार उन्होंने घर के अंदर से दरवाजा पीटा तो पड़ोसियों की नींद खुली और पुलिस को फोन किया। पुलिस एवं लोगों ने आकर पीड़ित दिव्यांग को बंधनमुक्त किया।
सासनी कस्बा के अजीतनगर स्थित पुरानी कचहरी के सामने बसी नई काॅलोनी से बदमाश 21 फरवरी की रात करीब आठ बजे दिव्यांग व्यक्ति को बंधक बनाकर हजारों का सामान और नकदी ले गए।
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ताराचंद्र पांडेय ने बताया कि वह अजीत नगर काॅलोनी के पीछे पुरानी कचहरी के सामने बनी नई काॅलाेनी में अपने रिश्तेदार के साथ रहते हैं। 21 फरवरी को उनके रिश्तेदार के बच्चे अलीगढ़ गए थे और वह रात करीब आठ बजे अपने घर के बाहर के कमरे में पलंग पर लेटे थे। दरवाजा अंदर से बंद नहीं था। तभी तीन लोग उनके कमरे में आए और असलहों के बल पर उन्हें बंधक बना लिया। हाथ और मुंह टेप लगाकर बांध दिए और उउनसे अलमारी की चाभी मांगने लगे।
चूंकि चाभी रिश्तेदार की पत्नी के पास थी तो उन्होंने चाभी न होने की बात बदमाशों से कही। बदमाशों ने उन्हें असलहों से पीटना शुरू कर दिया। दिव्यांग होने के कारण वह चल नहीं सकते तो बदमाश उन्हें खींचकर घर के अंदर ले गए और एक ओर पटक दिया। सीसीटीवी कैमरा के तार काटकर डीवीआर आदि अपने कब्जे में कर ली। बदमाश अलमारी का दरवाजा तोड़कर उसमें रखे करीब चालीस हजार रुपये एवं अन्य सामान चोरी ले गए। उनके गले में पड़ी सोने की चेन भी तोड़कर ले गए।
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बदमाश जाते समय दरवाजा बाहर से बंद कर गए। किसी प्रकार उन्होंने घर के अंदर से दरवाजा पीटा तो पड़ोसियों की नींद खुली और पुलिस को फोन किया। पुलिस एवं लोगों ने आकर पीड़ित दिव्यांग को बंधनमुक्त किया। पुलिस ने चोरों के पद चिह्नों के आधार पर उन्हें काफी तलाश किया मगर कोई सफलता हाथ नहीं लगी। समाचार लिखे जाने तक घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं हुई थी।