शासन स्तर पर की गई शिकायत के बाद हाथरस और कासगंज के ड्रग इंस्पेक्टर्स की टीम ने गांव नगला चौबे में एक मेडिकल स्टोर पर छापा मारा। टीम को इस मेडिकल स्टोर पर लाइसेंस तो मिला, लेकिन यह जुलाई के आखिर में निरस्त किया जा चुका था। इस तरह इस मेडिकल स्टोर का संचालन बिना किसी लाइसेंस के हो रहा था। लिहाजा कोतवाली हाथरस गेट पुलिस ने मेडिकल स्टोर संचालक को गिरफ्तार कर लिया। ड्रग इंस्पेक्टर ने उसके खिलाफ ड्रग एक्ट 18/27 और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कराया है।
ड्रग इंस्पेक्टर पूरनचंद्र ने बताया कि शासन और जिलाधिकारी से नगला चौबे स्थित आनंद मेडिकल स्टोर के बारे में यह शिकायत की गई थी कि इसका संचालन बिना किसी लाइसेंस के किया जा रहा है। शासन ने इसकी जांच का जिम्मा कासगंज के ड्रग इंस्पेक्टर राजकुमार शर्मा और हाथरस के ड्रग इंस्पेक्टर पूरनचंद्र को सौंपा। दोनों अधिकारियों ने कोतवाली हाथरस गेट पुलिस के साथ इस मेडिकल स्टोर पर छापा मारा।
डीआई पूरनचंद्र ने बताया कि टीम को मौके पर मेडिकल स्टोर के संचालक धर्मवीर ने जो लाइसेंस दिखाया, वह खामियों के चलते पूर्व में ही निरस्त किया जा चुका है और मेडिकल स्टोर संचालक को हिदायत दी गई थी कि वह अब बिना लाइसेंस के कारोबार नहीं करे। बावजूद इसके मेडिकल स्टोर का संचालन किया जा रहा था। टीम ने मौके से तीन दवाओं के नमूने भी लिए और करीब 100 तरह की दवाओं को सीज भी किया गया। टीम के साथ हाथरस गेट कोतवाली एके सिंह मय फोर्स के मौजूद रहे। कार्रवाई से मेडिकल स्टोर संचालकों में खलबली मची रही।