हादसे में 121 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि करीब 250 लोग घायल हुए थे। पुलिस ने इस मामले में आयोजकों को जिम्मेदार मानते हुए रिपोर्ट दर्ज की थी। प्रकरण में पुलिस ने न्यायालय में 11 आरोपियों के विरुद्ध 3200 पेज का आरोप पत्र दाखिल किया है। आरोप पत्र में 676 गवाह बनाए गए हैं।
हाथरस के अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या एक महेंद्र श्रीवास्तव के न्यायालय में 19 फरवरी को गांव फुलरई मुगलगढ़ी में हुए सत्संग में भगदड़ मामले में कांस्टेबल अंकुर शर्मा की गवाही हुई, जिसमें उन्होंने हादसे का आंखों देखा हाल बताया। इस प्रकरण में अब तक 19 गवाहों की गवाही पूर्ण हो चुकी है।
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न्यायालय में सुनवाई के दौरान मौके पर मौजूद रहे कांस्टेबल अंकुर शर्मा ने अपने बयान में तैनाती स्थल पर हुए घटना के बारे में विस्तार से बताया। बता दें कि सूरजपाल उर्फ नारायण साकार हरि के दो जुलाई 2024 को सिकंदराराऊ के गांव फुलरई मुगलगढ़ी में हुए सत्संग में भगदड़ मच गई थी। हादसे में 121 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि करीब 250 लोग घायल हुए थे। पुलिस ने इस मामले में आयोजकों को जिम्मेदार मानते हुए रिपोर्ट दर्ज की थी। प्रकरण में पुलिस ने न्यायालय में 11 आरोपियों के विरुद्ध 3200 पेज का आरोप पत्र दाखिल किया है। आरोप पत्र में 676 गवाह बनाए गए हैं।
मुख्य आरोपी देवप्रकाश मधुकर, मेघ सिंह, मुकेश कुमार, मंजू देवी, मंजू यादव, राम लड़ेते, उपेंद्र सिंह, संजू कुमार, रामप्रकाश शाक्य और दलवीर सिंह पर मुकदमा चल रहा है। इनके अतिरिक्त एक आरोपी की नवंबर 2025 में मौत हो चुकी है। प्रकरण में अगली सुनवाई 23 फरवरी को होगी।