संवाद न्यूज एजेंसी, सादाबाद।
डीएम रमेश रंजन ने मुख्य विकास अधिकारी के साथ मथुरा माट ब्रांच से निकलने वाले रजबहे मीरपुर से वेदई का निरीक्षण किया। कार्य योजना तैयार कर मनरेगा के माध्यम से सफाई कराते हुए टेल तक पानी पहुंचाने के निर्देश दिए।
एई मथुरा सुनील कुमार ने बताया कि यह रजबहा मथुरा माट ब्रांच से निकलता है। इसकी कुल लंबाई लगभग 46.400 किलोमीटर है। 0 से 35.500 किलोमीटर तक वर्तमान में पानी की आपूर्ति दी जा रही है। उन्होंने बताया कि इस रजबहे का पानी करवन नदी में गिरता है। मीरपुर से वेदई तक लगभग 13.500 किलोमीटर तक पटरी खराब होने के कारण पानी की आपूर्ति नहीं की जा रही है। पटरी की मरम्मत/सिल्ट सफाई के लिए प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया था, जिसकी स्वीकृति प्राप्त हो गई है, परंतु अभी धनराशि प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि रजबहे की पटरी कमजोर होने के कारण 50 से 60 क्यूसिक पानी छोड़ा जाता है। जहां तक पानी की सप्लाई की जा रही हैं, वहां तक माह नवंबर 2020 में सिल्ट की सफाई कराई जा चुकी है।
डीएम ने ग्रामीणों से पानी की सप्लाइ के बारे में जानकारी ली तो ग्रामीणों ने बताया कि पिछले वर्ष पानी आया था। उससे पूर्व कई वर्षों से पानी नहीं आया है। डीएम ने मीरपुर से लगभग 1.50 से 2.0 किलोमीटर आगे ग्राम पंचायत एदलपुर तथा ग्राम पंचायत मड़नई के पास क्षतिग्रस्त पुलिया का निरीक्षण किया। एई सिंचाई द्वारा अवगत कराया गया कि पुलिया निर्माण के लिए टेंडर की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और उसके निर्माण के लिए शासन से स्वीकृति प्राप्त हो गई है। धनराशि अभी प्राप्त नहीं हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि पुलिया का निर्माण वर्ष 1962 में हुआ था।
डीएम ने एई सिंचाई को धनराशि प्राप्त होते ही जल्द पुलिया का निर्माण कराने के निर्देश दिए। एई को एक्सईएन से समन्वय स्थापित कर मनरेगा के माध्यम से नहर की सफाई और पटरी दुरस्त कराने की कार्य योजना तैयार करते हुए फाइल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। डीएम ने मीरपुर के पास रजबहे में बनी ब्रांच के माध्यम से करवन नदी में पानी छोड़ने के निर्देश दिए, जिससे नदी का पानी साफ किया जा सके। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी आरबी भास्कर, एसडीएम सादाबाद राजेश कुमार, एई हाथरस पुष्पेंद्र कुमार, कुलदीप कुमार, लेखपाल नरेंद्र देव तथा अन्य संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे।