घटना के बाद गांव में तनाव है। जिन जाट परिवारों का अनुसूचित जाति के लोगों से झगड़ा हुआ था, उनके पांच लोग पुलिस की हिरासत में हैं। घर में केवल महिलाएं ही रह गई हैं।
सहपऊ क्षेत्र की ग्राम पंचायत मढ़ाभोज के मौजा नगला भोलू में 11 नवंबर देर रात बच्चों के विवाद में दो पक्षों में मारपीट हो गई। घटना के बाद अनुसूचित जाति के लोगों ने अपने मकान व प्लॉट पर बिकाऊ लिखकर इसका वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने पांच युवकों को हिरासत में ले लिया।
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गांव नगला भोलू निवासी 26 वर्षीय संतोष कुमार पुत्र सुखपाल की सोमवार को नोएडा में हुई दुर्घटना में मौत हो गई थी। मंगलवार की रात आठ बजे उनका शव गांव में आया तो अनुसूचित जाति पक्ष के लोग अंतिम संस्कार में चले गए। इधर, गांव में जाट समाज के महताब की दुकान से अनुसूचित का किशोर सामान लेने गया था। वहां सामान खरीदने पर महताब के पुत्र और अनुसूचित जाति के किशोर के बीच मारपीट हो गई।
इसके बाद सादाबाद में रहने वाला महताब का बड़ा भाई गांव में आया और कुछ लोगों के साथ अनुसूचित जाति के लोगों के साथ मारपीट कर दी। मारपीट में अविनाश उर्फ जीपी, शिवकुमार उर्फ भोला, राहुल कुमार, अमित कुमार और एक युवती घायल हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों का सीएचसी पर उपचार कराया। वहां से शिवकुमार उर्फ भोला को गंभीर हालत में आगरा रेफर कर दिया गया।
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इसके बाद अनुसूचित जाति के लोगों ने अपने घरों व प्लॉटों पर बिकाऊ लिख दिया और इसका वीडियो वायरल कर दिया। सूचना पर पुलिस गांव पहुंच गई और आक्रोशित लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन यह लोग घर पर लिखा बिकाऊ है मिटाने के लिए तैयार नहीं हुए। गांव में अनुसूचित जाति के 100 अधिक परिवार रहते हैं, जबकि जाट समाज के करीब 30 से 40 परिवार रहते हैं। अनुसूचित जाति के करीब 60-70 घरों पर मकान बिकाऊ है लिख दिया गया है। उनका कहना है कि पुलिस-प्रशासन उनकी कोई मदद नहीं कर रहा है। इस कारण वह गांव से पलायन करने के लिए तैयार हैं।
इधर, घटना के बाद गांव में तनाव है। जिन जाट परिवारों का अनुसूचित जाति के लोगों से झगड़ा हुआ था, उनके पांच लोग पुलिस की हिरासत में हैं। घर में केवल महिलाएं ही रह गई हैं। सीओ सादाबाद अमित पाठक का कहना है कि दुकान पर दो किशोरों के मध्य मारपीट हुई थी। पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया है। कोतवाली में किसी ने कोई तहरीर नहीं दी है। गांव में शांति व्यवस्था कायम है।