जिलाधिकारी अमित कुमार सिंह ने सोमवार को विकास भवन के सभागार में वर्तमान प्रधान, सचिव, पूर्व प्रधान व सहायक विकास अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।
इसमें वर्ष 2013 से 2016 तक स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत प्रोत्साहन धनराशि से बनने वाले स्वच्छ शौचालय की उन ग्राम पंचायतों की समीक्षा की, जहां निर्गत धनराशि के सापेक्ष शौचालय निर्माण में लापरवाही व अनियमितताएं बरती गयी हैं। इन अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार पूर्व प्रधान व सचिवों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराकर विधिवत रूप से कार्रवाई करने का निर्णय लिया गया।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में खुले में शौचमुक्त ग्राम पंचायत (ओडीएफ ) का कार्य वर्तमान प्रधान लाभार्थियों को प्रेरित कर सहमति पत्र के आधार पर शौचालय बनाने कार्य तेज गति से चल रहा है। लेकिन जनपद की कुछ ग्राम पंचायतों में वर्ष 2013 से 16 तक बनवाए गए स्वच्छ शौचालय निर्माण में लापरवाही बरती गई है। उन लापरवाह जिम्मेदार पूर्व प्रधान व तत्समय के सचिवों पर प्राथमिकी दर्ज कराने की कार्यवाही होगी। जिन लाभार्थियों ने अपने पुराने शौचालय तोड़ लिए हैं उन दोषी लाभार्थियों के विरुद्ध भी आरसी जारी कर कुर्की की कार्यवाही अमल में लायी जाएगी।
जिलाधिकारी ने स्वच्छ शौचालय की धनराशि की जमा-निकासी में देर कर रहे बैंक प्रबंधकों को भी चेतावनी दी है कि वे समय से शौचालय की धनराशि लाभार्थियों के खाते में ग्राम पंचायत के खाते से स्थानांतरित करें। उन्होंने बैंक ऑफ बड़ौदा सादाबाद, बैंक ऑफ बड़ौदा सिकंदराराऊ, ग्रामीण बैंक ऑफ आर्यवर्त सिकंदराराऊ के शाखा प्रबंधकों से शीघ्र वार्ता कर धनराशि हस्तांतरण की प्रक्रिया को सहज बनाने के निर्देश दिए ।