संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस।
हाथरस में लॉक डाउन के दो तीन दिन के अंदर करीब 500 क्विंटल दाल की आवक विभिन्न प्रांतों से हुई है। मंडी प्रशासन भी यहां के दाल मिलों में बनने वाली दाल को पड़ोसी जिलों में भेजने की कोशिश मेें जुटा हुआ है।
उल्लेखनीय है कि हाथरस जिले में करीब 55 छोटे बड़े दाल मिल हैं। करीब 1100 क्विंटल प्रतिदिन दालों का उत्पादन होता है। यहां से दालें तैयार होने के लिए महाराष्ट्र और राजस्थान आदि प्रांतों के लिए जाती हैं और वहां से दलहन आता भी है। खास बात यह है कि लॉकडाउन की अवधि में हाथरस शहर में उड़द, मूंग और चना की करीब 500 कुंतल दाल मिलों में पहुंच गई है, जो लॉकडाउन की अवधि में लोगों की जरूरतों को पूरा करेगी। पैदल यात्री अन्य जिलों से गंतव्य की दूरी तय कर रहे हैं। उनको भोजन के लिए दालों को मथुरा आदि जिलों में भेजने के लिए मंडी प्रशासन कोशिश में भी जुटा हुआ है। इस मामले में मंडी सचिव यशपाल सिंह का कहना है कि लॉकडाउन की अवधि के दौरान जिले में अब तक करीब 500 क्विंटल दालों की आवक हुई है। दालें हमारे यहां पर्याप्त हैं।
दस दिन बाद आया दाल का ट्रक
मंडी सचिव की मानें तो एक ट्रक 18 मार्च को दाल लेकर चला था। वह शनिवार को दाल मिल में पहुंचा है। काफी वाहन लॉक डाउन के चलते फंसे हुए हैं। इन ट्रकों की व्यापारियों द्वारा मंडी सचिव को सूचना भी दी जा रही हैै।