42 बीघा जमीन को नियम विरुद्ध तरीके से वर्ष 2007 में एक महिला ने अपने नाम करा लिया। महिला ने फिर यह जमीन 33 लोगों के नाम कर दी। यह मामला न्यायालय में चला गया।
हाथरस शहर की लहरा रोड स्थित एक कॉलोनी और उसके आसपास खाली जमीन में बेचे गए प्लॉटों के बैनामों को सब रजिस्ट्रार कार्यालय ने निरस्त कर दिया है। 33 बैनामों के निरस्त होने से प्लॉट खरीदने वालों में खलबली मच गई है।
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राजीव गुप्ता ने लहरा रोड पर 42 बीघा जमीन को लेकर हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक शिकायत की थी। उन्होंने कहा था कि 42 बीघा जमीन को नियम विरुद्ध तरीके से वर्ष 2007 में एक महिला ने अपने नाम करा लिया। महिला ने फिर यह जमीन 33 लोगों के नाम कर दी। यह मामला न्यायालय में चला गया।
अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद हाथरस के सब रजिस्ट्रार ने सभी 33 बैनामों को निरस्त कर दिया है। जिन लोगों के नाम यह बैनामे थे, उनमें शहर के नामचीन लोगों के नाम शामिल हैं। इनमें से कई के मकान और एक होटल बन चुका है। सब रजिस्ट्रार संदेश चौधरी ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद 33 बैनामे निरस्त कर दिए गए हैं। आगे जो भी कार्रवाई होगी, वह कोर्ट के आदेश पर होगी।