गांव पखोदना में बाढ़ के पानी में नहाने के लिए कूदे दो युवक राकेश उर्फ धांसू पुत्र श्याम और नारायण पुत्र कुवेन्द्र सिंह निवासी धारागढ़ी डूबने लगे, शोर-शराबा होने पर पीएसी और गोताखोरों ने नाव के जरिये दोनों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
बीमार वृद्ध को नाव से लेकर आए
गांवों से निकलने के लिए नावों का सहारा ले रहे हैं। गांव महाराजगढ़ में बुजुर्ग महेन्द्र सिंह के पैरों में सूजन आने के कारण चलने-फिरने असमर्थता होने कारण उनके परिजन उन्हें नाव से महाराजगढ़ के तटबंध के पास लेकर आए और उपचार के लिए मेवात लेकर गए।
यमुना टप्पल में 200.6 मीटर पर बह रही
एसडीएम शिशिर कुमार ने बताया कि यमुना खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। टप्पल में खतरे का निशान 200 मीटर पर है, जो वर्तमान में 200.6 मीटर पर है, जिसको हर चार-चार घंटे पर नापा जा रहा है, जो इसी स्तर के आसपास बना हुआ है।
बृहस्पतिवार शाम को सांसद सतीश गौतम, भाजपा जिलाध्यक्ष कृष्णपाल सिंह उर्फ लाला और भाजपा पदाधिकारियों ने बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया। दोपहर में एसडीएम शिशिर कुमार, पूर्व सांसद बिजेंद्र सिंह, जट्टारी चेयरमैन प्रदीप बंसल, पूर्व चेयरमैन चौधरी मनवीर सिंह, चौधरी ऋषिपाल सिंह, ओमपाल सिंह सूर्यवंशी, ओमप्रकाश सिंह उर्फ लाला आदि भी हालात देखने तटीय गांवों में पहुंचे।
यमुना के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में एनडीआरएफ, पीएसी, गोताखोरों के साथ राहत एवं बचाव कार्य चला रही हैं। ग्रामीणों को खाना दवाएं और पशुओं के चारा भिजवाया जा रहा है। यमुना का जलस्तर स्थिर है और इसमें अब कमी आना शुरू हो जाएगा।-प्रमोद कुमार अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व)