हाथरस रोडवेज डिपो के बेड़े में शामिल 11 पुरानी बसें जल्द ही बाहर हो जाएंगी। मानकों के अनुसार इन बसों ने 12 लाख किमी का सफर पूरा कर लिया है। अब इन बसों की नीलामी की जाएगी। इन बसों के बाहर जाने के बाद डिपो में 85 बसें बचेंगी।
रोडवेज अधिकारियों के अनुसार बसों के लिए अधिकतम 10 वर्ष अथवा 12 लाख किलोमीटर संचालन का मानक निर्धारित है। डिपो की 11 बसें यह मानक पूरा कर चुकी हैं। इनके रखरखाव पर भी अधिक खर्च आ रहा था, इसलिए इन्हें सेवा से हटाने का निर्णय लिया गया है।
वर्तमान में हाथरस डिपो के बेड़े में कुल 96 बसें शामिल हैं। इनमें से 11 बसों के बाहर होने के बाद बसों की संख्या 85 हो जाएगी। हालांकि निगम की ओर से पहले ही नई बसें हाथरस डिपो को दी जा चुकी हैं। हाथरस डिपो प्रभारी मंगेश कुमार ने बताया कि 11 बसों की नीलामी की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। नीलामी से प्राप्त धनराशि परिवहन निगम के राजस्व में शामिल होगी।