भरूआ सुमेरपुर (हमीरपुर)। नवीन गल्ला मंडी में संचालित सरकारी गेहूं खरीद केंद्रों में खरीदा गया गेहूं जिलाधिकारी के अल्टीमेटम के बाद भी नहीं उठ सका है। केंद्र प्रभारी इसके लिए ठेकेदार को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं।
लोकसभा चुनाव संपन्न करने के लिए नवीन गल्ला मंडी को अधिग्रहित किया गया है। जिलाधिकारी राहुल पांडेय ने 30 अप्रैल तक प्रत्येक दशा में मंडी खाली कराने के निर्देश दिए थे। जिलाधिकारी के सख्त रुख को देखकर आढ़तियों ने मंडी को खाली कर दिया है लेकिन मंडी के अंदर संचालित गेहूं खरीद केंद्रों की उठान अभी तक नहीं हो सकी है।
अभी भी पांच खरीद केंद्रों का दो हजार क्विंटल से अधिक गेहूं मंडी के अंदर मौजूद है। मंडी में पीसीएफ किसान सेवा केंद्र, क्रय विक्रय सहकारी समिति, विपणन शाखा, मंडी परिषद, एफसीआई व नैफेड के केंद्र संचालित हो रहे थे। नैफेड को छोड़कर सभी केंद्रों में खरीद हो रही थी। इसी बीच मंडी खाली करने का आदेश पारित हो गया।
30 अप्रैल तक मंडी पूरी तरह से खाली होनी थी। लेकिन मंगलवार को मंडी परिषद का 200 क्विंटल, किसान सेवा केंद्र का 740, क्रय विक्रय का 1100, एफसीआई का 140 व विपणन शाखा केंद्र का 20 क्विंटल गेहूं अभी भी गल्ला मंडी के अंदर रखा हुआ है।
केंद्र प्रभारियों का आरोप है कि ठेकेदार बार-बार कहने के बावजूद वाहन नहीं दे पा रहे है। इस वजह से खरीदा गया गेहूं नहीं उठ पा रहा है। इससे केंद्र प्रभारी परेशान हैं।
रंग रोगन से चकाचक हुए स्ट्रांग रूम
भरूआ सुमेरपुर (हमीरपुर)। गल्ला मंडी खाली होने के बाद स्ट्रांग रूम सहित अन्य चुनावी कार्यों के लिए अधिग्रहित की गई दुकानों को रंगरोगन करके चकाचक बनाया जा रहा है। दोनों विधानसभा सीट के लिए अलग-अलग स्ट्रांग रूम बनाए गए हैं।
लोकसभा चुनाव के लिए बनाए गए दोनों स्ट्रांग रूम के गोदामों को अंदर बाहर रंग रोगन करके चकाचक किया गया है। चुनाव के अन्य कार्यों के लिए अधिग्रहित की गई दुकानों, बरामदों, नीलामी चबूतरों को भी चकाचक किया जा रहा है। इसके अलावा मंडी के अंदर खराब सड़कों की मरम्मत का कार्य कराया जा रहा है। मुख्य सड़क की मरम्मत का कार्य पूर्ण हो गया है। अन्य सड़कें एक-दो दिन के अंदर चकाचक हो जाएगीं। (संवाद)