हरदोई-सांडी मार्ग पर बुधवार की देर रात पैदल जा रहे राजमिस्त्री और मजदूर को पिकअप ने रौंद दिया। घटना की सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस और परिजन दोनों को लेकर जिला अस्पताल गए, जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम खमरवा निवासी ऋषिकांत (26) पुत्र विश्राम राजमिस्त्री था। इन दिनों वह ग्राम चचरापुर के निकट स्थित ईंट भट्ठे पर निर्माण कार्य कर रहा था। उसके साथ गांव निवासी रामफेरे (25) पुत्र मशाल भी मजदूरी कर रहा था।
बुधवार की देर रात तक ईंट भट्ठे पर काम करने के बाद ऋषिकांत और रामफेरे पैदल ही अपने गांव खमरवा वापस जा रहे थे। इसी दौरान ग्राम सुरजीपुर के निकट सांडी की ओर से आ रही अज्ञात पिकअप ने दोनों को रौँद दिया। तेज आवाज आने पर सुरजीपुर के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए।
पड़ोसी गांव खमरवा के रहने वाले राजमिस्त्री और मजदूर को सुरजीपुर के ग्रामीणों ने पहचान लिया और पुलिस के साथ-साथ परिजनों को सूचना दे दी। घटनास्थल पर पहुंचे परिजनों ने पुलिस की मदद से दोनों को जिला अस्पताल पहुंचाया, लेकिन चिकित्सक ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।
ऋषिकांत पांच भाइयों में चौथे नंबर का था और अभी अविवाहित था। उसके माता-पिता की मौत पहले ही हो चुकी है। रामफेरे दो भाइयों में छोटा था और उसके परिवार में पत्नी बबिता है। रामफेरे का विवाह दो वर्ष पूर्व हुआ था, लेकिन अभी उसके कोई बच्चे नहीं हैं।
कोतवाल शैलेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि पिकअप के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजन तहरीर देंगे तो एफआईआर दर्ज की जाएगी।