हरदोई। अहिरोरी विकास खंड की ग्राम पंचायत कुईयां में ग्राम प्रधान ने गजब खेल कर डाला। गांव में मंदिर जाने वाले रास्ते पर स्थित शराब के ठेके को बचाने के लिए एक साल पहले बने चकरोड को ही उखड़वा लिया। शिकायत मिलने पर डीएम अनुनय झा ने जांच कराई, तो शिकायत सही मिली। अब डीएम ने सीडीओ को मामले में कार्रवाई की जिम्मेदारी सौंपी है।
वर्ष 2021 में हुए पंचायत चुनाव में मुन्ना लाल को कुईयां का प्रधान चुना गया था। उन्होंने एक साल पहले गांव से सिद्धेश्वर मंदिर तक जाने के लिए चकरोड का निर्माण मनरेगा से कराया था। चकरोड पर मिट्टी का काम कराए जाने पर 42,660 रुपये का भुगतान भी किया गया। प्रधान मुन्नालाल की मौत हो जाने के कारण उपचुनाव हुआ। उपचुनाव में गुलजारी लाल प्रधान चुने गए। प्रधान गुलजारी लाल व उनके समर्थकों ने जेसीबी से बीती एक जुलाई को मंदिर जाने वाले चकरोड को उखड़वा लिया। आवागमन में परेशानी होने पर गांव निवासी शिवेंद्र प्रताप सिंह, गोलू तिवारी, अमित अवस्थी, तेजपाल, सियाराम, मिथुन तिवारी, अतुल पांडेय आदि ने डीएम से शिकायत दर्ज कराई। डीएम ने डीपीआरओ विनय कुमार सिंह से मामले की जांच कराई। जांच में एक साल पहले बना चकरोड मंदिर से शिवेंद्र प्रताप सिंह के खेत तक बना मिला, जबकि उसके आगे का भाग उखड़ा मिला। ग्रामीणों ने बयान दिए कि प्रधान गुलजारी लाल और सरकारी शराब की दुकान के ठेकेदार सुशील कुमार सिंह उर्फ मुन्ना ने चकरोड को क्षतिग्रस्त करा दिया है। जांच रिपोर्ट में कहा है कि मुख्य मार्ग के किनाने बने सामुदायिक शौचालय के पास ही शराब के खाली पाउच आदि पड़े मिले। बताया कि शराब ठेकेदार शराब की बिक्री कराकर सामुदायिक शौचालय के पास लगे हैंडपंप का उपयोग कराते हैं। मंदिर तक मार्ग बन जाने से शराब की दुकान को हटाए जाने से बचाने के लिए मार्ग को क्षतिग्रस्त कराया गया है। रिपोर्ट में प्रधान और शराब दुकान के ठेकेदार को दोषी बताया गया है। दोनों के विरुद्ध कार्रवाई की संस्तुति की गई।