बीएसए डा. बृजेश मिश्रा ने कहा कि यदि स्कूलों में
तैनात प्रशिक्षु टीचर स्कूल में अनुपस्थित मिला अथवा शिकायत मिली तो जांच
के बाद प्रशिक्षण रोककर सेवाएं खत्म कर दी जाएगी। कहा कि टीचर बच्चों की
कापियां प्रतिदिन चेककर शिक्षा की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें, यदि
लापरवाही बरती तो नपेंगे।
वह शुक्रवार को ब्लाक संसाधन केंद्र पर आयोजित
बैठक में बोल रहे थे। बीएसए ने कहा कि स्कूल समय से जाना और समय से बंद
करना चाहिए। बच्चों को प्रथम शिक्षा टीचर द्वारा ही दी जाती है, क्योंकि
टीचरों द्वारा तराशे गए बच्चे ही देश का उज्वल भविष्य बनते हैं।
कहा कि
स्कूल में बच्चों की उपस्थिति पर विशेष ध्यान दिया जाए और जिन स्कूलों में
बच्चों की संख्या कम है, वहां अभिभावकों को शिक्षा का महत्व बताते हुए
स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ाई जाए। उन्होंने कहा कि टीचरों की
लापरवाही के चलते अभी कक्षा 6, 7, 8 के बच्चों को किताबें तक पढ़ना नहीं
आता।
स्कूल में वितरित की जाने वाली किताबों में से जो बच गईं हैं, उनको
जल्द ही कार्यालय पर जमा करा दिया जाए। उन्होंने प्रशिक्षु टीचरों को
सख्त लहजे में हिदायत देते हुए कहा कि यदि कोई प्रशिक्षु टीचर स्कूल नहीं
जाएगा और उसकी शिकायत मिलती है तो उसका प्रशिक्षण और सेवा समाप्त की जाएगी।
उन्होंने हिदायत देते हुए कहा कि बच्चों की कापियां प्रतिदिन चेककर शिक्षा
की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए। यदि इसमें किसी ने लापरवाही बरती तो
उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। इस मौके पर बीईओ शिव सिंह, वरिष्ठ ब्लाक
समन्वयक बृजेश अवस्थी, श्रीकृष्ण कनौजिया, गिरजेश राठौर, प्रेमशील पांडेय,
गोपीनाथ तिवारी आदि मौजूद थे।
उधर, भरखनी ब्लाक के ग्राम राजपुर लभेड़ा
स्थित प्राथमिक विद्यालय मेें तैनात प्रशिक्षु शिक्षिका श्रुति वर्मा के 23
जनवरी से लगातार अनुपस्थित मिलने पर बीएसए डा. बृजेश मिश्रा ने एबीआरसी
संजय त्रिवेदी को तत्काल निरीक्षण के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान
टीचर के अनुपस्थिति मिलने पर उन्होंने इसकी रिपोर्ट बीएसए को दी। बीएसए ने
बताया कि प्रशिक्षु टीचर श्रुति वर्मा का प्रशिक्षण रोक दिया गया है और
उससे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा।