हरपालपुर। युवक को पीटकर एक लाख रुपये लूटने के मामले में सांडी पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की है। हद तो यह कि घटना के पांच दिन बाद दर्ज मामले में आराेपी की पहचान नहीं खोली गई है। यह हाल तब है जबकि प्राथमिकी में उल्लेख है कि पुलिस ने तीनों आरोपियों को दौड़ाकर पकड़ लिया है। सांडी पुलिस पर रुपये हड़पने और मामले में सिर्फ मारपीट का मामला दर्ज किए जाने का आरोप प्राथमिकी में भी है। अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी के निर्देश पर दर्ज हुई प्राथमिकी को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है।
सांडी थाना क्षेत्र के हसनापुर गांव निवासी शरद कुमार ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। इसमें बताया कि बीती 23 फरवरी की रात उनका भाई पवन कुमार सांडी तिराहे पर गिट्टी भरा ट्रक लेने के लिए गया था। पवन के पास एक लाख रुपये थे। सांडी तिराहा पर स्थित एक होटल पर पवन ने खाना खाया। यहां खाने के रुपये देते समय होटल में मौजूद शख्स ने उसके पास रुपये देख लिए। बताया कि ट्रक न मिलने के कारण पवन बाइक से वापस घर जा रहा था।
आरोप है कि सांडी तिराहा से चौधरियापुर मोड़ के पास एक गेस्ट हाउस के निकट बिना नंबर प्लेट की कार से सवार तीन लोगों ने उसे रोक लिया। रुपये लूट ने की कोशिश करने लगे। पवन ने विरोध किया तो उसकी पिटाई कर रुपये लूट लिए। पवन ने यूपी 112 पर घटना की जानकारी दी। दावा है कि पुलिस ने पीछा कर आरोपियों को लखपेड़ा बाग के पास पकड़ लिया। तीनों को थाने ले गए। पवन भी थाने में मौजूद है। शरद ने आरोप लगाया कि सांडी पुलिस लूट का मामला दर्ज नहीं करना चाहती और सिर्फ मारपीट का मामला दर्ज कर रुपये हड़प लेना चाहती है। अपर पुलिस अधीक्षक सुबोध गौतम के निर्देश पर मामला दर्ज किया गया है।