महाराणा प्रताप राजकीय महाविद्यालय में दो दिनों में
छात्र-छात्राओं ने रोबोटिक्स कार्यशाला में न सिर्फ जाना कि रोबोट में आखिर
ऐसा क्या है कि वह इंसानों की तरह कार्य करना लगता है, बल्कि यह भी जाना
कि विज्ञान से लगाव हो तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है।
एआरके टेक्नो
सोल्यूशन मुंबई तथा आईआईटी मद्रास के सौजन्य से दो दिवसीय रोबोटिक्स
कार्यशाला का आयोजन हुआ। कार्यशाला में महाविद्यालय के प्राचार्य डा.
रामकुमार मिश्र ने छात्र-छात्राओं को वर्तमान परिदृश्य में तकनीकी ज्ञान
एवं उसकी उपयोगिता के बारे में अवगत कराया।
संयोजक डा. शरद कुमार वैश्य ने
रोबोटिक्स कार्यशाला के कार्यक्रमों के बारे में छात्र-छात्राओं को बताया।
कार्यशाला में आए आशीष शाह ने पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से रोबोट
और उसकी उपयोगिता के विषय में अपनी बात रखी। छात्र-छात्राओं ने रोबोटिक्स
किट को असेंबल करके साफ्टवेयर द्वारा रोबोट की कार्यप्रणाली के विषय में
प्रशिक्षण प्राप्त किया।
प्रशिक्षण के दौरान सभी छात्र-छात्राओं ने
माइक्रो कंट्रोलर, सेंसर, एक्चुएटर, मोटर आदि की बारीकियों को समझा और
कंप्यूटर साफ्टवेयर के माध्यम से इन सभी का रोबोट में उपयोग करते हुए रोबोट
असेंबल किए। सह संयोजक डा. पवन चौहान तथा डा. प्रज्ञा मिश्रा ने रोबोट
प्रशिक्षण में सहयोग दिया।
महाविद्यालय की मुख्य आयोजक डा. मीना श्रीवास्तव
ने समस्त छात्र-छात्राओं को तकनीक के प्रयोग द्वारा निरंतर प्रगति के पथ
पर अग्रसर रहने का आह्वान किया। इस मौके पर डा. किरन यादव, डा. राममूरत
सिंह, डा. मीशू सिंह, डा. अमित यादव, डा. ओम प्रकाश, डा. ओम प्रकाश, जयजय राम, आसिफ अली आदि मौजूद थे।
उधर, कार्यशाला के समापन के दिन
गुरुवार को रोबोटिक्स प्रतियोगिता का भी आयोजन हुआ, जिसमें ग्रुप नाइन की
वैशाली अवस्थी, मनीषा सिंह, दीपांशी सिंह, प्रतीक्षा पांडे, रत्ना सिंह
चंदेल ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। द्वितीय स्थान पर ग्रुप प्रथम के
सुंदरम दीक्षित, देवेश चंद्र, साक्षी पांडे, गरिमा, देवांशी अस्थाना रहे।