संडीला क्षेत्र के बुजुर्ग दंपति मंगलवार से
कलक्ट्रेट में बहू की प्रताड़ना से क्षुब्ध होकर आमरण अनशन पर बैठ गए। इस
दौरान बहू का साथ कताई मिल पुलिस चौकी द्वारा देने का आरोप लगाया। दंपति ने
डीएम को पत्र देकर जांच करा घर वापस कराने एवं बहू व पुलिस पर कार्रवाई की
मांग की।
आमरण अनशन पर बैठे संडीला के सोमबाजार निवासी शिवकुमार ने
बताया कि वह बड़े बेटे की क्रियाकलापों से तंग आकर उसे 23 जून 09 को ही चल
अचल संपत्ति से बेदखल कर चुके हैं। उसके बाद से बेटा और उसकी पत्नी अपने
बच्चों के साथ अलग रहने लगी, पर मार्च 14 में बहू बेटे अनिल का साथ छोड़कर
किसी दूसरे के साथ चली गई।
शिवकुमार ने बताया कि 24 जून 14 को कताई मिल
चौकी इंचार्ज सिपाहियों के साथ पत्नी रामलली को चौकी ले गए और वहां पर बहू
के सामने बेइज्जती की और बहू को उसके घर में रख दिया। इसके बाद घर पर उसी
का कब्जा करा दिया। पीड़ित ने बताया कि पुलिस प्रशासन द्वारा कोई सहयोग
न करने पर कोर्ट का दरवाजा खटखटाया, पर विरोधियों द्वारा झूठे साक्ष्य
देकर उनको ही झूठा बताया जा रहा है।
बुजुर्ग दंपति ने कहा कि अब डीएम की
चौखट के सिवाय दूसरा कोई सहारा नहीं बचा है। कहा कि आमरण अनशन तब तक चलेगा,
जब तक न्याय नहीं मिल जाता। इस दौरान एक पत्र सिटी मजिस्ट्रेट जितेंद्र
मोहन को सौंपकर घर वापस दिलाने और बहू, पुलिस पर कार्रवाई की मांग की। आमरण
अनशन में शिवकुमार के साथ में उनकी पत्नी रामलली मौजूद रहीं।