हरदोई। लोनार थाना क्षेत्र में सड़क हादसे में दो सगे भाइयों की मौत से दूसरे दिन भी गांव मेें मातम छाया रहा। दो जवान बेटों की अर्थियों का बोझ बूढ़े बाप से उठाया न गया। शनिवार देर शाम दोनों भाइयों का राजघाट पर अंतिम संस्कार किया गया।
बघौली निवासी अनूप और विनय दो सगे भाइयों की सड़क हादसे में मौत के दूसरे दिन भी गांव में सन्नाटा पसरा रहा। लोग दो सगे भाइयों की मौत को भुला नहीं पा रहे थे। मृतक के घर में रविवार को भी चूल्हा नहीं जला था।
परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल था। अनूप की पत्नी रूबी की चीत्कार से आस-पास के लोगों की भी आंखें नम थीं। बार-बार मूर्छित अवस्था में रूबी उठकर बैठ जाती और अनूप के कपड़ों को उठाकर जोर-जोर से रोने लगती थी।
अनूप का पुत्र सुयश और विनय के तीनों बच्चे आकांक्षी गुप्ता (5) सुबकते हुए अपनी मां से पूछती कि मम्मी तुम रो क्यों रही हो और पापा कहां चले गये हैं। बेटी के ऐसा बोलने से विनय की पत्नी बेटी को गले लगाकर रोने लगती थी।