आधार कार्ड बनाने में संस्थाओं की मनमानी पर अब ब्रेक
लग सकेगा। प्रमुख सचिव ने अब सहज केंद्रों पर भी आधार कार्ड बनाने के
निर्देश दिए हैं। वीडियो कांफ्रेंसिंग में जिले के अफसरों से रूबरू हुए
प्रमुख सचिव ने प्रगति की समीक्षा की और आधार कार्ड बनाने की गति को बढ़ाते
हुए योजनाओं के शत प्रतिशत लाभार्थियों के खातों को आधार क्रमांक से लिंक
कराने के निर्देश दिए।
जिले में आधार कार्ड अभी भी सभी लोगों के नहीं बन
पाए हैं। आधार कार्ड शहरों के साथ अब ग्रामीण क्षेत्रों में भी बनाए जा
रहे हैं, जिसमें सभी के आधार क्रमांकों से योजनाओं के अंतर्गत आने वाले
लाभार्थियों के खातों से जोड़ने के निर्देश दिए गए। जिले में सभी का आधार
कार्ड बनाकर खातों से लिंकअप कराने का काम तो शुरू हो गया है, पर कार्य की
प्रगति बेहतर नहीं है, जिसको लेकर समय-समय पर अफसरों के निर्देश आ रहे हैं।
इसको लेकर ही गुरुवार की शाम को प्रमुख सचिव आलोक रंजन ने जिले के अफसरों
से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से रूबरू हुए, जिसमें उन्होंने प्र्रगति
की समीक्षा की और कम प्रगति होने पर नाराजगी भी व्यक्त की। अफसरों
द्वारा बताया गया कि आधार कार्ड बनाने को बीडीओ के माध्यम से कैंप लगाकर
कार्ड बनाए जा रहे हैं।
हालांकि, संस्था और ब्लाक स्तरीय कर्मियों की
लापरवाही से काम गति नहीं पकड़ रहा है। इसको लेकर ही प्रमुख सचिव ने अब
आधार कार्ड बनाने के संस्था के साथ ही सहज केंद्रों को भी जिम्मेदारी दी
हैं। ज्ञात हो कि ग्रामीण क्षेत्रों में सहज केंद्रों की स्थापना की गई है,
जिस पर ही अब आधार कार्ड बन सकेंगे।
प्रमुख सचिव ने आधार कार्ड बनने के
बाद क्रमांक नंबर को कई योजनाओं के लाभार्थियों के खातों से लिंकअप करने के
निर्देश दिए। कांफ्रेंसिंग में डीआईओएस, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला
पूर्ति अधिकारी, प्रोबेशन अधिकारी व डीसी मनेरगा मौजूद थेे।
उधर,
छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के तहत भी अब छात्र-छात्राओं के
खाता को आधार नंबर से लिंकअप करना है। जिसके लिए स्कूलों में भी कैंप लगाने
के निर्देश प्रमुख सचिव ने दिए। कहा कि खाते से आधार क्रमांक लिंक होने पर
आवेदन के दौरान छात्रवृत्ति आवेदन पत्र पर आधार कार्ड क्रमांक डालना होगा।