देहात कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत हरदोई-सीतापुर मार्ग पर स्कूटी से स्कूल जा रही शिक्षिका को रोडवेज बस ने रौंद दिया। बस शिक्षिका के पेट के ऊपर से गुजर गई। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। घटना के बाद चालक रोडवेज बस को मौके पर छोड़कर भाग गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
कानपुर के बिल्हौर थानाक्षेत्र के ग्राम हरीपुरवा निवासी विमलेश कुमार की पत्नी सीमा (28) सीतापुर जनपद के मिश्रिख विकास खंड के ग्राम ठाकुर नगर स्थित जूनियर हाईस्कूल में सहायक अध्यापिका थीं। वह कोतवाली देहात के मोहल्ला प्रगति नगर में जगदीश के घर में किराए पर रहती थीं। शुक्रवार सुबह वह स्कूटी से विद्यालय जा रही थीं। हरदोई-सीतापुर मार्ग पर स्टेडियम के सामने पीछे से आई रोडवेज बस ने उन्हें रौंद दिया। घटना से मौके पर चीख पुकार मच गई। इसी बीच चालक बस को मौके पर छोड़ भाग गया। घटना के बाद बस में बैठी सवारियां उतरकर दूसरे साधन की तलाश में इधर-उधर चलीं गईं। घटनास्थल से देहात कोतवाली की दूरी बमुश्किल 100 मीटर थी, इसलिए फौरन ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जिला अस्पताल स्थित शवगृह भिजवाया। शिक्षिका के पास मिले मोबाइल से परिजनों को घटना की जानकारी दी गई। अस्पताल पहुंचे परिजन शव देखकर बिलख पड़े। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया।
ढाई माह पहले हुई थी शादी
सीमा का विवाह विमलेश के साथ 31 मई 2017 को हुआ था। विमलेश भी कन्नौज जनपद में परिषदीय विद्यालय में शिक्षक हैं। सीमा के पिता राजबहादुर कन्नौज जनपद के थाना तेरामल्लू के ग्राम तेजापुरवा में रहते हैं। सही मायनों में ढाई माह पहले ही सीमा की जिंदगी का सुहाना सफर शुरू हुआ था, लेकिन यह सफर इतनी जल्दी थम जाएगा, इसकी किसी ने कल्पना नहीं की थी।
बस छूटने पर निकाली थी स्कूटी
परिजनों की मानें तो सीमा रोज रोडवेज बस से ही स्कूल जाती थी। शुक्रवार को भी वह सीतापुर बाईपास पर बस पकड़ने के लिए गई थी, लेकिन बस छूट गई। इस पर वह घर गईं और अपनी स्कूटी से स्कूल के लिए रवाना हो गई।