सवायजपुर(हरदोई)। हरपालपुर के बरहुली गांव में चल रहे रामलीला महोत्सव में मंगलवार को कलाकारों ने विभीषण के राम के शरणागत होने व अंगद-रावण संवाद की लीलाओं का मंचन किया।
दरबार में मौजूद विभीषण रावण को राम से युद्ध न करने की सलाह देता है, इस पर रावण विभीषण को अपमानित कर बाहर निकाल देता है। दरबार से निकाले जाने के बाद विभीषण राम की शरण में पहुंच जाते हैं। विभीषण के शरणागत होने के बाद प्रभु श्रीराम उसे लंका का राजा घोषित कर देते हैं।
कलाकारों ने दिखाया कि राम के निर्देश पर अंगद उनका संदेश लेकर रावण के दरबार में पहुंचते हैं। अंगद धर्मदृष्टि का हवाला देते हुए रावण को युद्ध न करने की नसीहत देते हैं, लेकिन रावण तर्क-वितर्क शुरू कर देता है, जिस पर अंगद उसे चेतावनी देकर चला जाता है। इस मौके पर अजीत सिंह, उमेश, पप्पू, वीरेंद्र, बुद्धा, धीरज, अभिषेक व हरिनाम आदि मौजूद रहे ।