हरदोई। स्कूल से गैरहाजिरी और विद्यालय संचालन व साफ-सफाई आदि पर ध्यान न दिए जाने पर बीएसए विजय प्रताप सिंह ने कछौना के नैरा संविलियन विद्यालय की प्रभारी प्रधानाधपिका को निलंबित कर दिया है। उन्होंने भरखनी के बीईओ को जांच अधिकारी नामित किया है।
बीएसए ने यह कार्रवाई कछौना के बीईओ की संस्तुति पर की है। बताया कि कछौना बीईओ डॉ. ब्रजेश त्रिपाठी ने नैरा संविलियन विद्यालय का निरीक्षण किया था। निरीक्षण में प्रभारी प्रधानाध्यापिका दीपिका तिवारी गैरहाजिरी थीं। अभिलेखों के परीक्षण में दीपिका तिवारी के रजिस्टर पर हस्ताक्षर बने हुए थे। बिना किसी सूचना और अवकाश स्वीकृत कराए स्कूल से गैरहाजिरी और रजिस्टर पर अग्रिम तिथियों में हस्ताक्षर पर बीईओ ने नाराजगी जाहिर की थी।
निरीक्षण में बताया गया कि दीपिका तिवारी सभी अभिलेख अपने पास लखनऊ में रखती हैं। कभी-कभार ही विद्यालय आती हैं और हस्ताक्षर सभी दिनों के बना देती हैं। स्फाफ से भी व्यवहार ठीक नहीं हैं। स्कूल में घास खड़ी मिली। शौचालय ठप था और कंपोजिट ग्रांट खर्च नहीं की गई थी। बताया कि पंजीकृत 175 छात्र में से 76 उपस्थित मिले थे। रसोईया और अन्य शिक्षकों ने बताया कि करीब उतने ही छात्र रोज आते हैं। बताया कि प्रभारी प्रधानाध्यापिका को कछौना ब्लॉक संसाधन केंद्र से संबद्ध किया गया है।