हरदोई। अघोषित बिजली कटौती के खिलाफ भारतीय जनता युवा मोर्चा के कार्यकर्ता अफसरों की नींद हराम करने के लिए सड़क पर उतरे। पदाधिकारियों संग भाजपा का कोई बड़ा नेता न होने से पुलिस प्रशासन हावी हो गया और कार्यकर्ताओं संग गाली गलौज व अभद्रता की गई। उधर, भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने भी मशाल जुलूस निकाल कर अपने उद्देशय को पूरा कर दिया। जिससे देर रात तक पुलिस सड़कों पर खाक छानती रही।
शहर में एक सप्ताह से भीषण बिजली कटौती हो रही है। आम जनमानस की समस्या को देखते हुए भारतीय जनता युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष संदीप सिंह ने अफसरों की नींद हराम करने के लिए रात 11 बजे से सड़क पर उतर कर प्रदर्शन करने और मशाल जुलूस निकालने का फैसला किया। तय कार्यक्रम के अनुसार रात के करीब 11 बजे के बाद भाजयुमो कार्यकर्ता सड़क पर उतरे। नुमाइश चौराहा से डीएम आवास तक जुलूस निकाला जाना था। लेकिन नगर मजिस्ट्रेट जितेंद्र मोहन सिंह और सीओ सिटी रामलाल राय के निर्देशन में पुलिस फोर्स नुमाइश चौराहा पर पहले से मौजूद था।
उन्होंने भाजयुमो कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने नहीं दिया। पहले तो कार्यकर्ताओं ने विरोध जताना चाहा लेकिन इसी बीच सीओ सिटी उग्र हो गए और गाली गलौज करने लगे। चूंकि भाजयुमो कार्यकर्ताओं के साथ कोई बड़ा नेता नहीं था तो कार्यकर्ता खुद को कमजोर समझकर बैक फुट पर आने लगे। जिससे पुलिस फोर्स उन पर और अधिक हावी हो गया। पुलिस ने कार्यकर्ताओं संग जमकर अभद्रता की और वहां से भगा दिया। जिस पर गुस्साए भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने भी मशाल जुलूस निकालकर अपना उद्देश्य पूरा कर लिया। जिसके बाद देर रात तक नगर मजिस्ट्रेट, एसडीएम, सीओ सिटी के निर्देशन में पुलिस फोर्स सड़कों पर खाक छानती रही।