फोटो-53-विकास। स्रोत परिजन
- यूपी 112 पर उठी कॉल, लेकिन तब तक घटना का शिकार हो चुका था वरिष्ठ सहायक
- बेहटा गोकुल थाने में सात - आठ अज्ञात लोगों पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज
- रेलवे ट्रैक पर 16 जनवरी को मिला था शव
आनंद मिश्रा
हरदोई। उसकी जान खतरे में थी। उसने खुद को बचाने के लिए 15 जनवरी की रात 8:23 बजे से 21:56 बजे के बीच 101 और 100 नंबर पर सात बार कॉल किया। फिर 10:57 बजे उसने यूपी 112 को कॉल किया।
तीन मिनट 35 सैकेंड तक बात हुई। पुलिस टीम सक्रिय हुई, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। लखनऊ में सिंचाई विभाग में तैनात वरिष्ठ सहायक का शव उक्त घटनाक्रम के बाद 16 जनवरी को लखनऊ-दिल्ली रेलवे ट्रैक पर बेहटा गोकुल थाना क्षेत्र में पड़ा मिला था। अब पुलिस ने मृतक के भाई की तहरीर पर साात-आठ अज्ञात लोगों पर हत्या का मामला दर्ज किया है।
गोरखपुर जनपद के बांसगांव थाना क्षेत्र के बघैला ढेबरा निवासी विकास कुमार (32) लखनऊ के आलमबाग थाना क्षेत्र में परिकल्प कॉलोनी के आवास संख्या 7/4 में रहते थे। वह लखनऊ के एनेक्सी भवन में स्थित अधिशासी अभियंता अनुसंधान एवं नियोजन खंड प्रथम के कार्यालय में वरिष्ठ सहायक के पद पर तैनात थे।
बीती 16 जनवरी को बेहटागोकुल थाना क्षेत्र में लखनऊ-दिल्ली रेलवे ट्रैक के पास विकास का शव पड़ा मिला था। पास मिले अभिलेखों से परिजनों को जानकारी दी गई थी। उनके पास से मिला मोबाइल फोन, कपड़े, अभिलेख, एटीएम कार्ड, पैनकार्ड, आधार कार्ड, दो चाबी और मोबाइल चार्जर पुलिस ने परिजनों को सौंप दिया था।
दरअसल विकास का इस रूट पर आने का कोई कारण परिजनों को समझ नहीं आ रहा था। विकास के अंतिम संस्कार के बाद परिजनों ने उनका मोबाइल ऑन किया। मोबाइल की कॉल हिस्ट्री और संदेश से पता चला कि 15 जनवरी की रात उन्होंने 101, 100 और यूपी 112 पर कुल आठ बार कॉल की।
सिर्फ यूपी 112 का फोन रिसीव हुआ। परिजनों का दावा है कि विकास ने पुलिस को बताया था कि चारबाग रेलवे स्टेशन के पास सात-आठ लोग उसका पीछा कर रहे थे। यूपी 112 की टीम ने रात में 11:03 बजे, 11:06 बजे और 11:11 बजे विकास को कॉल किया, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद विकास का शव मिला। पूरे मामले की जानकारी विकास के भाई अभिषेक व परिजनों ने एसपी नीरज कुमार जादौन को दी। एसपी के आदेश पर बेहटा गोकुल थाने में सात-आठ अज्ञात लोगों पर हत्या का मामला दर्ज किया गया है।
इनसेट
... तो डिलीट भी की गईं कॉल हिस्ट्री
विश्वत सूत्र बताते हैं कि विकास के मामा रामदास के बेटे ब्रजेश की शादी 18 जनवरी को थी। इसमें विकास को भी शामिल होना था। इस सिलसिले में 15 जनवरी को विकास की घर के अलग अलग लोगाें से बात हुई थी। जब फोन बरामद हुआ तो इसका ब्योरा कॉल हिस्ट्री में दर्ज नहीं था। आशंका है कि कुछ और भी कॉल हिस्ट्री डिलीट की गई हो। अब पुलिस सीडीआर का ब्योरा निकलवा रही है। साथ ही सीसीटीवी फुटेज भी खंगालने की तैयारी हो रही है।