हरदोई। गृह मंत्रालय की गाइड लाइन का पालन कर जिले के सभी परिषदीय स्कूलों को 31 जुलाई तक बंद कराने की मांग को लेकर जूनियर शिक्षक संघ के पदाधिकारियों व शिक्षकों ने शनिवार को सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा कि बाहर से आने वाले शिक्षकों से संक्रमण फैलने की आशंका है।
कलक्ट्रेट परिसर में सिटी मजिस्ट्रेट जंग बहादुर यादव को ज्ञापन सौंपते हुए जूनियर शिक्षक संघ की जिलाध्यक्ष सुनीता त्यागी ने कहा कि जिले के अधिकांश विद्यालय क्वारंटीन सेंटर बनाए गए थे। विद्यालयों को सैनिटाइज नहीं कराया गया है। प्रदेश के मेरठ, गाजियाबाद, गौतमबुद्ध नगर, बुलंदशहर, हापुड़, बागपत, सहारनपुर, शामली, आगरा आदि अधिकांश जनपद कोरोना संक्रमण से प्रभावित हैं। यहां से काफी संख्या में शिक्षक जनपद में आ रहे हैं लेकिन कोई भी शिक्षक क्वारंटीन नहीं कराया जा रह।
उन्होंने कहा कि मुख्य सचिव द्वारा जारी आदेश में कहा गया कि 65 वर्ष से अधिक, गंभीर रोगों से ग्रसित, गर्भवती महिलाएं व 10 वर्ष के बच्चों को घर के अंदर ही रहना है। जबकि बीएसए द्वारा जारी आदेशों में ऐसा कुछ भी नहीं कहा गया है। इस कारण जिले के बेसिक शिक्षा विभाग में कार्यरत अधिकांश शिक्षक व शिक्षिकाएं व बच्चे प्रभावित होंगे। उन्होंने मांगों पर कार्रवाई की मांग की। इस मौके पर कोषाध्यक्ष उदय शंकर मिश्रा, संतोष अग्निहोत्री, धीरज आदि मौजूद रहे।
माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों का आना अनिवार्य नहीं
हरदोई। माध्यमिक विद्यालय खुलेंगे, प्रधानाचार्य भी रहेंगे। शिक्षकों का आना अनिवार्य नहीं है। लेकिन प्रधानाचार्य के बुलाने पर शिक्षकों को स्कूल आना होगा। शनिवार को डीआईओएस कार्यालय में शिक्षक प्रकोष्ठ भाजपा के जिला संयोजक अनुराग मिश्रा के ज्ञापन देने के बाद ये बात डीआईओएस वीके दुबे ने कही।
उन्होंने कहा कि इन दिनों पौधरोपण कार्यक्रम व संचारी रोग रोकथाम अभियान चल रहा है। इसलिए विद्यालयों का खुलना जरूरी है। प्रधानाचार्य भी मौजूद रहेंगे। यदि प्रधानाचार्य जरूरत समझेंगे तो शिक्षकों को एक साथ भी बुला सकते हैं। वहीं शिक्षक प्रकोष्ठ भाजपा के जिला संयोजक अनुराग मिश्रा ने बताया कि 30 जून को केंद्र सरकार द्वारा गाइड लाइन जारी की गई। जिसमें कहा गया कि 31 जुलाई तक संस्थाएं बंद रहेंगी और वर्क फ्रॉम होम के माध्यम से ऑनलाइन कक्षाएं संचालित की जांए। जनपद में भी माध्यमिक विद्यालयों को 31 जुलाई तक बंद किया जाए। ताकि संक्रमण का खतरा न हो।