प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान की शुरुआत गुरुवार से जिले के रेलवे
स्टेशन पर हो गई। नौ जून तक चलने वाले अभियान के पहले ही दिन आरपीएफ कमांडर
ने स्टेशन परिसर और प्लेटफार्म पर सफाई का निरीक्षण कर कैंटीन की सफाई
व्यवस्था को भी देखा, जिसमें दो कैंटीन पर साफ सफाई बेहतर न होने पर
ठेकेदारों पर जुर्माना ठोक यात्रियों को भी गंदगी फैलाने पर जुर्माने की
हिदायत दी।
रेलवे को भी स्वच्छता अभियान की कमान
संभालने का मौका अब मिला है। साफ सफाई को भले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
एक वर्ष से प्रयासरत रहे हों, पर स्टेशन पर साफ सफाई की व्यवस्था औंधे
मुंह ही थी, पर इसी बीच सरकार ने रेलवे स्टेशनों पर स्वच्छता अभियान शुरू
कर सफाई व्यवस्था पर जोर देने के निर्देश दिए।
रेलवे द्वारा 28 मई से नौ
जून तक अभियान चलाया जाना है। जिसको लेकर अमर उजाला में अभियान शुरू होने
से एक दिन पहले सफाई व्यवस्था की हकीकत को बयां किया। जिसको लेकर अफसरों ने
भी गंभीरता दिखाते हुए अभियान के पहले ही दिन से लापरवाहों पर शिकंजा कसना
शुरू दिया।
अभियान के पहले दिन आरपीएफ कमांडर बच्चय सिंह ने रेलवे
प्लेटफार्म और परिसर का निरीक्षण किया। उन्होंने प्लेटफार्म के साथ ही
कैंटीन पर भी साफ सफाई व्यवस्था को देखा। जहां दो कैंटीनों पर साफ सफाई
बेहतर न होने पर कार्रवाई की।
प्लेटफार्म पर मुनकु ठेकेदार की कैंटीन पर
सफाई न होने पर और अन्य दूसरी कैंटीन के ठेकेदार सुशील पर आरपीएफ कमांडर ने
दो-दो सौ रुपये का जुर्माना किया। उन्होंने परिसर मे बैठे यात्रियों
द्वारा फैलाई जा रही गंदगी पर भी हिदायत दी। आरपीएफ सिपाहियों को गंदगी
फैलाने वाले यात्रियों से पांच सौ रुपये जुर्माना वसूलने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान अवर अभियंता कार्य महेंद्र कुमार, मुख्य स्वास्थ्य
निरीक्षक अखिलेश कुमार व स्वास्थ्य निरीक्षक सत्येंद्र कुमार मौजूद थे।