झमाझम बारिश होने की उम्मीद लगाए लोग निराश हो रहे
हैं। झमाझम बारिश न होने के कारण और पुरवा हवाओं के चलने से लोगों को उमस
भर गर्मी से निजात नहीं मिल पा रही है। आलम यह है कि पसीने से तरबतर हो रहे
लोगों को इस गर्मी में सूखते हलकों को तर करने को जतन करने पड़ रहे, जबकि
गर्मी से बेचैन पशु पक्षी भी बेहाल होकर प्यास बुझाने के लिए इधर-उधर भटक
रहे हैं।
शुक्रवार को भी चली पुरवइया हवा ने वातावरण में उमस का स्तर
बढ़ाए रखा, जिससे लोग दिन भर पसीना पसीना रहे। एक तरफ उमस ने परेशान किया
तो दूसरी तरफ तापमान का स्तर 38.0 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से लोगों
को गर्मी से देर रात तक राहत नहीं मिल सकी।
खास बात यह है कि झमाझम बारिश
होने की उम्मीद लगाए बैठे लोगों को निराश हाथ लग रही है। झमाझम बारिश न
होने के कारण लोगों को उमस भरी गर्मी से निजात नहीं मिल पा रही है।
हालांकि, तीन दिन पूर्व हल्की बारिश हुई थी, पर झमाझम बारिश न होने से उमस
और बढ़ गई थी। आज भी लोगों की बारिश को लेकर उम्मीदें पूरी नहीं हुई।
शुक्रवार
को तापमान का अधिकतम स्तर 38.0 एवं न्यूनतम 28.0 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम वेधशाला के प्रभारी जयशंकर मिश्रा ने बताया कि पछुआ हवाओं के थमने से
जहां तापमान का स्तर 4 डिग्री सेल्सियस नीचे आया है, तो वहीं पुरवा हवाओं
की गति से उमस बढ़ी है।
पुरवा हवाओं से वातावरण में बनने वाली उमस से
चिपचिपी एवं बेचैन करने वाली गर्मी हो रही है। उमस से झमाझम बारिश ही राहत
दिला सकती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि अगले 5-7 दिनोें में झमाझम बारिश हो
सकती है।