हरदोई। तकरीबन दो बरस बाद सूबे में फिर शादी अनुदान योजना शुरू हो गई है। सरकार ने योजना को शुरू करने साथ ही कुछ बदलाव भी किए हैं। आवेदन की अर्हताओं को बढ़ा दिया गया, जबकि शादी अनुदान की धनराशि भी दोगुना कर दी गई। इतना ही नहीं अब एक ही परिवार की दो बेटियों को शादी अनुदान का लाभ मिल सकेगा। साथ ही शादी होने की तिथि से तीन माह पहले और तीन माह बाद तक आवेदन किया जा सकेगा। आवेदन के बाद जांच और सत्यापन की कार्रवाई के बाद पात्राें को लाभान्वित किया जाएगा।
अभी तक शादी अनुदान योजना के अंतर्गत पात्रों को लंबी प्रक्रिया से गुजरने के बावजूद सिर्फ 10 हजार रुपये ही मिलते थे। अब लाभार्थियों को 20 हजार रुपये का अनुदान मिलेगा। इससे गरीब व्यक्ति को अपनी बेटी का हाथ पीला करने में राहत मिल सकेगी। जानकारी के अनुसार समाज कल्याण व जनजाति विकास ने एनआईसी के सहयोग से साफ्टवेयर विकसित किया है, इसी पर आनलाइन आवेदन किया जाएगा। साथ ही आवेदक अब शादी की तिथि से 90 दिन पहले और 90 दिन बाद तक आवेदन कर सकेगा।
आवेदन में लगेंगे ये प्रमाण पत्र
हरदेाई। आनलाइन आवेदन भरने के समय आवेदक को आधार कार्ड, तहसील से निर्गत आय प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र और बैंक पासबुक की फोटो कापी को अपलोड किया जाएगा। इसके 30 दिन के अंदर जिला समाज कल्याण कार्यालय में आवेदन की हस्ताक्षरित हार्ड कापी के साथ सभी प्रमाणपत्र, शादी का कार्ड, विधवा व विकलांग प्रमाणपत्र, बैंक खाता संबंधी प्रमाणपत्र देना होगा।
पहले रसीद लेने वाले को प्राथमिकता
हरदोई। जिला समाज कल्याण कार्यालय में आवेदन कापी व प्रमाणपत्र जमा करने पर कंप्यूटर जनरेटेड रसीद दी जाएगी। रसीद पहले लेने वाले को ही प्राथमिकता मिलेगी। उदाहरण के लिए यदि आनलाइन आवेदन 10 अप्रैल को किया और रसीद नौ मई को ली, जबकि दूसरे व्यक्ति ने 20 अप्रैल को आवेदन किया और रसीद 25 अप्रैल को ली है तो प्राथमिकता 20 अप्रैल के आवेदन को मिलेगी और उसी का अनुदान प्रथम आवत प्रथम पावत के आधार पर होगा।
खुद भरा जा सकता है आनलाइन आवेदन
हरदोई। आनलाइन आवेदन प्रक्रिया आवेदक स्वयं भी कर सकते हैं। विभागीय वेबसाइट पर आवेदन के साथ जन सुविधा केंद्र, साइबर कैफे, निजी इंटरनेट के अलावा जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय से भी भरवाया जा सकता है। हालांकि काम की अधिकता से विभाग से आवेदन संभव नहीं है।
शादी अनुदान के लिए ऑन लाइन आवेदन शुरू हो गए हैं, हार्डकापी आने के बाद उनको सत्यापन में भेजकर प्रक्रिया पूरी कराई जाएगी।
एसएस श्रीवास्तव, जिला समाज कल्याण अधिकारी