- डीपीआरओ ने की कार्रवाई, भुगतान किए गए कार्यों के अभिलेख तलब
- पंचायतीराज विभाग के निदेशक ने भी जाहिर की है नाराजगी
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। ग्राम पंचायतों में कार्यों और खरीदारी के लिए होने वाले भुगतान के लिए पंचायतीराज विभाग ने ई-ग्राम स्वराज पोर्टल के माध्यम से पंचायत गेट-वे एप का संचालन शुरू किया है। पंचायत गेट-वे एप इंस्टॉल न किए जाने पर जिला पंचायत राज अधिकारी विनय कुमार सिंह ने नौ पंचायत सचिवों को नोटिस जारी किया है। साक्ष्य और भुगतान किए गए कार्यों के अभिलेख समेत जवाब-तलब किया है।
पंचायत सचिव पंचायत गेट-वे एप इंस्टॉल करने में मनमानी कर रहे हैं। जिस पर पंचायतीराज विभाग के निदेशक ने भी नाराजगी जाहिर की है। डीपीआरओ ने वर्चुअल बैठक में भी एप इंस्टॉल किए जाने के निर्देश दिए, लेकिन पंचायत सचिवों ने इस पर ध्यान नहीं दिया। डीपीआरओ ने ऑनलाइन समीक्षा के बाद एप इंस्टॉल न करने वाले पंचायत सचिवों के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है।
पंचायत गेट-वे मोबाइल एप इंस्टॉल न करने पर डीपीआरओ ने विकास खंड बेहंदर की ग्राम पंचायत हसनपुर के पंचायत सचिव अरुण कुमार राना, विकास खंड सांडी की ग्राम पंचायत अलीनगर, सैंचामऊ के पंचायत सचिव आशीष वाजपेयी, सांडी की ही ग्राम पंचायत मंसूरपुर के पंचायत सचिव राजेश मिश्रा और अंटवा सिसाला के पंचायत सचिव श्याम गौतम व सांडी देहात की पंचायत सचिव नंदिनी गुप्ता से जवाब-तलब किया है।
इसी क्रम में बिलग्राम की ही ग्राम पंचायत परसपुर के पंचायत सचिव जितेंद्र कुमार गुप्ता और पसनेर के पंचायत सचिव प्रवीण कुमार, विकास खंड अहिरोरी की ग्राम पंचायत महुईपुरी के पंचायत सचिव नीरज कुमार वर्मा, हरपालपुर की ग्राम पंचायत भूपति नगरा के पंचायत सचिव सर्वेश अग्निहोत्री को नोटिस जारी किए गए हैं। बताया कि जवाब आने पर परीक्षण के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।