भरावन। आंधी और बारिश से रविवार को हुए फाल्ट तीन दिन बाद भी बिजली विभाग दूर नहीं कर सका है। जिससे लगभग 400 गांवों में अंधेरा छाया है। बिजली न आने से घरेलू उपकरण व आटा चक्की बंद पड़ी हैं, वहीं लोगों को पेयजल संकट से भी जूझना पड़ रहा है। अधिकारी जल्द ही खराबी दूर करने का आश्वासन दे रहे हैं।
भरावन के जखवा गांव स्थित पॉवर हाउस के तीन फीडर अतरौली, कुकुरा व भरावन से अतरौली, भटपुर, अजमपुर, विकास नगर, बानपुर, भुलभुला, सिकंदरपुर, बसतपुर, भीखपुर ऐमा, कुरौंध, श्यामदासपुर, कौड़िया, छावन, जानकी खेड़ा समेत छोटे बड़े 4 सौ से अधिक गांव जुड़े हैं। इसनें कुल 9993 कनेक्शन धारक उपभोक्ता हैं। रविवार की शाम आई तेज आंधी के बाद के बाद अतरौली, भटपुर, अजमतपुर में कई जगह पोल गिर गए थे, वहीं विकास नगर, बानपुर, भुलभुला, सिकंदरपुर, बसतपुर, भीखपुरएमा समेत अन्य गांवों में कहीं लाइनें क्षतिग्रस्त हो गई थीं तो अन्य कई प्रकार के लोकल फॉल्ट आ गए थे, इसके बाद से पूरे क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति ठप है। बुधवार की दोपहर तक पूरे क्षेत्र की आपूर्ति बहाल नहीं की जा सकी है। जिससे घरेलू उपकरण समेत आटा चक्की आदि भी बंद है, लोगों को परेशानी हो रही है। सबसे ज्यादा समस्या पेयजल को लेकर है।
जेई हरी श्रीवास्तव ने बताया अतरौली सहित कई गांवों में बिजली के पोल गिर गये हैं, जिनमें से अधिकांश को दुरुस्त करा दिया गया है। शेष को सही कराया जा रहा है। इसके साथ ही कई जगह लोकल फॉल्ट भी हैं, उन्हें भी तलाश कर सही कराया जा रहा है। मरम्मत का काम पूरा होने पर जल्द से जल्द आपूर्ति बहाल की जाएगी।
- बानपुर गांव निवासी शरद पांडेय ने बताया कि लगभग हर बार आंधी आने के बाद जखवा पॉवर हाउस व उससे जुड़े क्षेत्र की आपूर्ति बाधित हो जाती है। इसका प्रमुख कारण है, लाइनों का जगह जगह पर जर्जर होना। अगर खराब लाइनों को सही करा दिया जाए तो समस्या से काफी हद तक निजात मिल जाएगी।
- भटपुर गांव निवासी भूपेन्द्र सिंह सिंह ने बताया की रविवार को आईं आंधी व बारिश के दौरान गांव व आस पास 6-7 पोल टूट गये थे। जिन्हें सही तो करा दिया गया, लेकिन अभी तक आपूर्ति बहाल नहीं की जा सकी है। बताया कि आपूर्ति बहाल न होने के कारण पेयजल समेत अन्य प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
- ग्राम नरायनपुर निवासी शिवांशु सिंह ने बताया की अन्य फीडरों के साथ ही उपकेंद्र का कुकुरा फीडर भी रविवार से बंद हैं। आपूर्ति बाधित होने के कारण सरकारी नलकूप बंद पड़े हैं, जिसके चलते गन्ना, पीपरमेंट व आम की फसल की सिंचाई नहीं हो पा रही है।
- ग्राम बस्तापुर निवासी हर्षित सिकरवार ने बताया कि तीनों फीडरों पर अतिरिक्त लोड होने के कारण आए दिन आपूर्ति प्रभावित होती है। विभाग को फीडरों की संख्या बढ़ानी चाहिए, इससे लोड कम होगा और लोकल फॉल्ट की संख्या में भी गिरावट आएगी।