अपर जिला जज श्रीकांत वर्मा ने मंगलवार को एक मुकदमे
की सुनवाई पूरी हत्या के अपराध में दो आरोपियों पर दोष सिद्ध पाते हुए
उन्हें उम्रकै द व जुर्माना भरने की सजा सुर्नाई। वहीं एक अन्य मुकदमे की
सुनवाई पूरी कर अपर जिला जज अनमोल पाल ने जानलेवा चोट पहुंचाने के अपराध
में तीन को सजा सुनाई।
अदालत के समक्ष चले पहले मामले की रिपोर्ट पाली
थाना क्षेत्र के हथौड़ा गांव निवासी जयराम सिंह ने अपने ही गांव निवासी
महेंद्र सिंह व अनिल कुमार मिश्रा के विरुद्ध दर्ज कराई थी। वादी ने आरोप
लगाया था कि कोटे को लेकर चली आ रही पुरानी रंजिश को लेकर 30 अगस्त 04 को
रात 11:45 बजे महेंद्र सिंह व अनिल कुमार मिश्र ने उनके भतीजे सुखेंद्र
सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
रिपोर्ट दर्ज होने के बाद मामले की
विवेचना सीबीसीआईडी के पास चली गई। सीबीसीआईडी ने मुकदमे में एफआर लगा दी
थी। कोर्ट ने वादी को नोटिस जारी कर तलब किया। वहीं जयराम सिंह ने
प्रोटेस्ट पिटीशन दाखिल कर अदालत में साक्ष्य प्रस्तुत किया।
अदालत ने
मामले की सुनवाई पूरी कर दोनों अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए उम्रकैद व
बीस-बीस हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई। अदालत ने यह भी आदेश दिया
कि जुर्माना की धनराशि में से आधी वादी को प्रदान की जाए। उधर, दूसरा
मामला एडीजे अनमोल पाल की कोर्ट का रहा।
घटनाक्रम केे अनुसार, बिलग्राम
कोतवाली क्षेत्र के गांव जरौली निवासी लल्लू सिंह, उसकी पत्नी अंजू देवी,
पुत्र सूरज व पुत्री पूजा को गांव के ही चंद्र भूषण, प्रभु व शिवराज ने
पुराने विवाद को लेकर 25 दिसंबर 11 को लाठी डंडों व सरिया से मारा पीटा था।
घटना में वादी व उसके परिजनों को जानलेवा चोटें आई थी। अदालत ने तीनों
अभियुक्तों को जानलेवा चोट पहुंचाने व अस्थिभंग के अपराध में चार चार साल
की कैद व कुल तीन तीन हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई।