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दो धड़ों में बंटे अधिवक्ता, चुनाव प्रक्रिया जारी

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हरदोई। शाहाबाद अधिवक्ता संघ की चुनाव प्रक्रिया को लेेकर विवाद शुरू हो गया है। अधिवक्ताओं के एक धड़े ने न सिर्फ चुनाव का बहिष्कार करते हुए खुद को अलग कर लिया है। साथ ही चुनाव करा रही कमेटी व निवर्तमान पदाधिकारियों पर गड़बड़ी का संज्ञान न लेने का आरोप लगाया है। अधिवक्ताओं का कहना है मतदाता सूची में बड़ी गड़बड़ी की गई है। समय रहते शिकायत भी की गई, लेकिन जिम्मेदारों ने कार्रवाई नहीं की। वहीं दूसरी ओर गठित चुनाव कमेटी की देखरेख में पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत गुरुवार सेे तहसील में नामांकन प्रक्रिया शुरू की गई। दावेदारों ने अलग-अलग पदों के लिए नामांकन कराया। अधिवक्ताओं के दो धड़े होने के बाद तहसील में गुरुवार को खासी गहमागहमी रही।
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अध्यक्ष व महामंत्री समेत अन्य पदों पर आठ नामांकन
अधिवक्ता एसोसिएशन की चुनाव प्रक्रिया के तहत गुरुवार से तहसील में दो दिवसीय नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई। पहले दिन अध्यक्ष व मंत्री पद पर एक-एक नामांकन दाखिल हुआ। वहीं अन्य पदों पर भी छह अधिवक्ताओं ने नामांकन पत्र दाखिल किए।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत व चुनाव अधिकारी अनिल कुमार श्रीवास्तव की देखरेख में शुरू हुई नामांकन प्रक्रिया के पहले दिन अध्यक्ष पद पर शबाहत उल्ला, महामंत्री पद पर अमित गुप्ता व वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर हरिनाम सिंह ने नामांकन पत्र प्रस्तुत किया। अन्य पांच अधिवक्ताओं ने भी समर्थकों के साथ पहुंच कर अलग-अलग पदों पर नामांकन पत्र प्रस्तुत किए। चुनाव अधिकारी अनिल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि शुक्रवार को भी इच्छुक अधिवक्ता अलग-अलग पदों पर नामांकन कर सकते हैं। नामांकन प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद नामांकन पत्रों की जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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एक गुट ने किया चुनाव का बहिष्कार
तहसील के कुछ अधिवक्ताओं ने अधिवक्ता एसोसिएशन की चुनाव प्रक्रिया का बहिष्कार कर दिया। नाराज अधिवक्ताओं ने तहसील में बैठक की। बताया कि चुनाव समिति द्वारा मतदाता सूची में गड़बड़ी का संज्ञान नहीं लिया गया है। शिकायत के बाद भी सूची नहीं सुधरवाई गई, इससे निष्पक्ष चुनाव होना संभव नहीं है। इसी के चलते वे सब अपने आप को चुनाव प्रक्रिया से अलग करते हैं।
वरिष्ठ अधिवक्ता रामसनेही मिश्रा ने बताया कि पूर्व में घोषित की गई की गई मतदाता सूची में उप्र बार काउंसिल इलाहाबाद के नियमों का उल्लंघन किया गया। सूची में ऐसे अधिवक्ताओं के नाम शामिल किए गए थे, जो तहसील में निरंतर प्रैक्टिस नहीं कर रहे हैं। बताया कि इसकी शिकायत एर्ल्ड्स कमेटी समेत अध्यक्ष व महामंत्री से की गई थी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। रामसनेही मिश्रा ने बताया कि कार्रवाई न होने पर एर्ल्ड्स कमेटी के अरविंद अवस्थी, रामकुमार दुबे, ज्ञान प्रकाश पाल व गंगाराम सत्यार्थी ने बुधवार को इस्तीफा दे दिया था। रामसनेही मिश्रा ने बताया कि गुरुवार से चुनाव प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है, जिसका वे और अन्य वकील विरोध करते हैं। इस मौके पर अवधेश नारायण पाठक, हरनाम सिंह यादव, अजय यादव, ज्ञान प्रकाश पाल, फूल सिंह, अनिरुद्ध मिश्रा, रामराज सिंह, अरविंद अवस्थी, नीरज दीक्षित, अनिल शुक्ला, अमित मिश्रा, मयंक मिश्रा व रामकुमार दुबे आदि मौजूद रहे।
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