हरदोई। फर्जी जनरल टिकट लेकर यात्रा करने वालों पर अब रोकथाम हो सकेगी। यात्रा को पारदर्शी बनाने के लिए रेलवे ने जनरल टिकटों की जांच हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन से कराने के निर्देश दिए हैं। चेकिंग स्टाफ को मशीनें उपलब्ध करा दी गई हैं। इसके बाद अब जनरल टिकट की जांच मशीन के माध्यम से क्यूआर कोड को स्कैन करके की जाएगी ताकि फर्जी और असली टिकट पर यात्रा करने वालों की पहचान की जा सके।
कुछ माह पहले जयपुर स्टेशन पर तकनीक का इस्तेमाल करके फर्जी टिकट बनाने का एक गिरोह पकड़ा गया था। इस मामले के बाद रेलवे ने अब जनरल टिकट भी तकनीकी के माध्यम से जांच करने का फैसला किया है। टिकट में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए ही रेलवे ने अब क्यूआर कोड के माध्यम से जांच करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए चेकिंग स्टाफ को हैंड हेल्ड टर्मिनल मशीन भी उपलब्ध करा दी गई हैं।
स्थानीय रेलवे स्टेशन पर भी चेकिंग स्टाफ को एचएचटी मशीनें दे दी गई हैं। मशीन के माध्यम से वह टिकट की वैधता की पुष्टि कर सकेंगे। सी.आई.टी. चंद्रशेखर ने बताया कि एचएचटी मशीन के जरिये जनरल टिकट पर छपे क्यूआर कोड को स्कैन किया जाएगा। स्कैन होते ही टिकट से जुड़ी पूरी जानकारी मशीन की स्क्रीन पर उपलब्ध हो जाएगी जिससे यह साफ हो सकेगा कि टिकट असली है या नकली। इस व्यवस्था से फर्जी टिकटों पर प्रभावी रोक लगेगी और यात्रियों को परेशानी का सामना भी नहीं करना पड़ेगा।