फोटो 19: राजघाट पर गंगा नदी में बढ़ा पानी। संवाद
हरदोई/बिलग्राम। पहाड़ों पर हो रही बरसात और बैराजों के पानी से गंगा नदी के पानी में राजघाट पर करीब 87 सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वहीं खतरे के निशान से 26 सेंटीमीटर नीचे पानी पहुंच गया है। इससे कटरी क्षेत्र में बाढ़ की आशंका बलवती हो गई है। वहीं राजघाट पर कांवड़ियों को गंगाजल लेने के लिए सुरक्षा के लिहाज से बैरिकेडिंग लगाई गई है।
जिले की नदियों के पानी में उतार-चढ़ाव जारी है। वहीं गंगा के पानी में बुधवार को तीसरे दिन भी बढ़ोतरी दर्ज की गई। राजघाट पर गंगा का पानी 125.55 मीटर गेज पर प्रवाहित हो रहा है। 24 घंटे में पानी में करीब 87 सेंटीमीटर की वृद्धि दर्ज की गई। नरौरा बैराज से गंगा नदी में 1,11,969 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। इससे कटरी क्षेत्र में बाढ़ की आशंका बढ़ गई है। गंगा का पानी फर्रुखाबाद के पांचाल घाट पर पांच सेंटीमीटर कम हुआ है। पानी 136.95 मीटर गेज पर आ गया है लेकिन चेतावनी बिंदु 136.60 मीटर से अभी भी 35 सेंटीमीटर ऊपर बना हुआ है। रामगंगा नदी का पानी शाहजहांपुर के डबरी घाट पर पांच सेंटीमीटर कम हुआ है और पानी 134.44 मीटर आ गया है। गर्रा का पानी शाहजहांपुर के मुमुक्ष आश्रम पर तीसरे दिन भी 143.75 मीटर पर बना हुआ है।
गंगा में पानी बढ़ने से किसानों और ग्रामीणों की मानसिक परेशानियां बढ़ रही हैं। गंगा के स्थानीय राजघाट और नदी नाले उफना रहे हैं। गंगा का पानी बढ़ने के कारण आने वाले कांवड़ यात्रियों को जल लेने के लिए संकेत के रूप लगाई गई बैरिकेडिंग को पीछे कर दिया गया है। राजघाट के आसपास पानी का बहाव फैलने लगा है। गंगा नदी में पानी की बढ़ती रफ्तार ने क्षेत्रीय किसानों को भी मुसीबत में डाल दिया है।
कटरी क्षेत्र में गंगा नदी का पानी तेजी से बढ़ा है। इससे सभी बाढ़ चौकियां अलर्ट कर दी गई हैं। जैसे ही बाढ़ का प्रभाव आबादी की तरफ और फसलों पर पड़ेगा, प्रशासन पूरी मदद के लिए तैयार है। -एन राम, उप जिलाधिकारी, बिलग्राम
फोटो 19: राजघाट पर गंगा नदी में बढ़ा पानी। संवाद