डीएम रमेश मिश्रा ने मंगलवार को सदर तहसील परिसर में कुकिंग गैस कंपनियों
के अधिकारियों तथा गैस एजेंसियों के संचालकों के साथ बैठक। बैठक में डीएम
के तेवर काफी कड़क रहे। सब्सिडी काो फार्म फीडिंग से लेकर रिफिलों की
बुकिंग एवं डिलीवरी की शिकायतों पर हिदायत दी कि रिफिलों की डिलीवरी समय से
की जाए।
कहा कि ऐसी शिकायतें आने
पर अब कड़ी कार्रवाई होगी। गैस रिफिलों पर मिलने वाली सब्सिडी की धनराशि
उपभोक्ताओं के बैंक खाते में भेजे जाने वाली योजना डीबीटीएल के क्रियान्वयन
को लेकर डीएम ने समीक्षा की और कहा कि इस ओर व्यापक रूप से प्रचार प्रसार
कराया जाए तथा जनसामान्य की दिक्कतों को दूर किया जाए। एजेंसी संचालक
उपभोक्ताओं के साथ अच्छा व्यवहार करें, यदि दुर्व्यवहार की शिकायतें सही
मिली तो फिर कार्रवाई होगी।
उन्होेंने गैस कंपनी के अधिकारियों से भी जनता
की समस्याएं सुनने एवं निराकरण कराने के निर्देश दिए। कंपनी के अधिकारियों
द्वारा बताया गया कि अभी तक 53 प्रतिशत उपभोक्ताओं के बैंक एकाउंट लिंक हो
गए है। शत प्रतिशत कार्य जल्द पूरा हो जाएगा। डीएम ने इस बात पर कड़ी
नाराजगी जताई कि रिफिल डिलीवर होने का एसएमएस तो उपभोक्ता को मिल जाता है,
मगर रिफिल नहीं मिल पाती है। इस ओर एजेंसियां कार्यप्रणाली दुरुस्त कर लें,
यदि अब ऐसे मामले सामने आए तो कार्रवाई होगी।
बैठक में आधार कार्ड लिंक को
लेकर बैंकों के स्तर पर हो रही दिक्कतों को लेकर डीएम ने एलडीएम को इस ओर
तत्काल जरूरी कार्रवाई कराने के निर्देश दिए। बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट
लक्ष्मी शंकर सिंह, सीएमओ वीके गुप्ता, डीएसओ कुमार निर्मलेंदु, एलडीएम
पीके सिंह, गैस एजेंसी एवं पेट्रोल पंप एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश अग्रवाल
के अलावा गैस कंपनियों के प्रतिनिधि एवं एजेंसी संचालक आदि मौजूद थे।