जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के खिलाफ माधौगंज थाने में विद्यालय के अभिलेख उठा ले जाने की रिपोर्ट दर्ज की गई है। थाना इंचार्ज ने बताया कि मामले की जांच की जा रही हैै। उधर,बीएसए ने बताया कि आरोप गलत हैं, जांच में स्थित साफ हो जाएगी।
बिलग्राम कोतवाली क्षेत्र के सदरपुर निवासी जय सिंह कनौजिया माधौगंज ब्लाक के प्राथमिक विद्यालय बरहस में प्रधानाध्यापक के पद पर तैनात हैं। उन्होंने न्यायालय में दिए गए प्रार्थना पत्र में बताया कि 20 सितंबर 2014 को बेसिक शिक्षा अधिकारी बृजेश मिश्र, स्टेनो के अलावा पांच लोगों के साथ विद्यालय को निरीक्षण करने पहुंचे थे।
निरीक्षण के उपरांत वे विद्यालय से वित्तीय अभिलेख, शिक्षा निधि खातों के अभिलेख, कैशबुक, मुख्य लेजर, स्टाक रजिस्टर, वर्ष 2012-13 की सात पीस ड्रेस, वर्ष 2014-15 की 12 ड्रेस उठा ले गए। उस समय विद्यालय में शिक्षामित्र विभा सिंह, आंगनबाडी कार्यकत्री अंबेश्वरी देवी मौजूद थीं।
इसकी सूचना 20 सितंबर 2014 को जिलाधिकारी को लोकवाणी के माध्यम से दी गई। इसके बाद 10 नवंबर 2014 को बेसिक शिक्षा अधिकारी को रजिस्टर्ड डाक से अभिलेख वापस करने का अनुरोध किया, मगर अभिलेख वापस नहीं किए गए।
उन्होंने 19 नवंबर 2014 को थाने में तहरीर दी। कार्रवाई न होने पर 22 मई 2015 को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिया। इसके बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इस पर न्यायालय में गुहार लगाई। न्यायालय के आदेश पर सोमवार की देर शाम माधौगंज थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई। थानाध्यक्ष विशभननाथ यादव ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है।
पहले भी दर्ज हुए दो मामले
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के खिलाफ इससे पहले भी दो मुकदमे दर्ज हो चुके है। एक शिक्षिका ने बीएसए सहित तीन लोगों पर कार्यालय में अभद्रता करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। वहीं एक महिला ने रसोइयां की नौकरी के नाम पर अभद्रता करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने दोनों ही मामलों में एफआर लगा दी। अब एक मामले में कोर्ट में अपील की गई।
बताते चले कि जनपद फर्रुखाबाद निवासी राधा देवी पत्नी अंचल तिवारी जिले में अहिरोरी विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय चमनखेड़ा में शिक्षिका के पद पर तैनात हैं। उन्होंने शहर कोतवाली में बीएसए डॉ. बृजेश मिश्र, लिपिक प्रवीन मिश्र और स्काउट शिक्षक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
आरोप लगाया था कि स्काउट शिक्षक ने बीएसए कार्यालय फोन कर बुलाया और उसकी मार्कशीट फर्जी है कहते हुए बेसिक शिक्षा अधिकारी से मिलने को कहा। वे पति के साथ 13 मई 2015 को बीएसए से मिलने गईं तो बीएसए ने अंक पत्र के स्थान पर घरेलू वार्ता की।
उसने मना किया तो सस्पेंड करने की धमकी दी और गालीगलौज कर उसे भगा दिया। शहर कोतवाली में दर्ज की गई रिपोर्ट में पुलिस ने एफआर लगा दी। अब पीड़िता ने कोर्ट में अपील की है। वहीं 16 मई 2015 को ही माधौगंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी महिला ने थाने में दी गई तहरीर में बताया कि वे बीएसए के पास कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय में रसोईया के पद का प्रार्थना पत्र देने कार्यालय में गई थी।
साथ में पति भी थे। बीएसए ने उसके साथ छेड़छाड़ की। महिला की तहरीर पर पुलिस ने छेड़छाड़ व दलित एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। इस मामले में भी एफआर लगने की जानकारी दी जा रही हैं। अब एक शिक्षक ने एफआईआर दर्ज कराई है। इससे विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।