जिले में 13 फरवरी 2015 को लागू हुई ई-डिस्ट्रिक्ट योजना को एक साल पूरा होने वाला है। योजना के तहत नगरीय क्षेत्रों में 10 हजार की आबादी पर व सभी ग्राम पंचायतों में एक-एक सर्विस सेंटर संचालित कराया जाना है। 1308 ग्राम पंचायतें एवं 7 नगर पालिकाएं एवं 6 नगर पंचायत क्षेत्रों के लिए करीब 14 सौ सेंटरों की आवश्यकता है। इसके सापेक्ष जिले में करीब 308 केंद्र हैं और जिसमें सिर्फ 94 ही सक्रिय हैं। ऐसे में बड़े पैमाने पर नए सेंटरों की स्थापना की आवश्यकता है। इसके लिए शासन से अधिकृत सेवा प्रदाता चाहिए। काफी प्रतीक्षा के बाद सर्विस प्रोवाइडर शासन से तय हो चुके है लेकिन जिले में अभी तक उनकी सेवाएं शुरू नहीं हो सकी हैं।
योजना के तहत यह होना है
ई-डीएम कार्यालय के अनुसार योजना के तहत सेवाओं को गांव गांव उपलब्ध कराने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में पांच हजार और नगरीय क्षेत्रों में 10 हजार की आबादी पर सेंटर खोले जाने है। इस हिसाब से सभी 1308 ग्राम पंचायतों में और नगरीय क्षेत्रों में करीब 90 सेंटर खोले जाने है। ई-डिस्ट्रिक्ट योजना में अभी 308 लोकवाणी/ सहज केंद्र पंजीकृत इनमें करीब 94 केंद्र सक्रिय है। ई-डिस्ट्रिक्टके नए सेवा प्रदाता के इन सेंटरों के मर्जर या फिर इन्हें प्राथमिकता देकर नए सेंटर दिए जाने से लेकर विभागीय नियमानुसार सेंटरों की स्थापना होनी है। टेंडर प्रक्रिया में लंबे समय तक फंसी रही सर्विस प्रोवाइडर के चयन की प्रक्रिया कुछ समय पूर्व पूरी हो चुकी है और जनवरी माह में सर्विस प्रोवाइडर को सेवाएं शुरू करने के साथ सेंटरों की स्थापना कार्रवाई शुरू करनी थी मगर अभी तक इस ओर फिलहाल ब्रेक लगा हुआ है।
नई सेवाओं का होना अगाज
ई-डिस्ट्रिक्ट के तहत अभी सर्विस सेंटरों एवं निजी स्तर पर सर्विस पोर्टल से जाति प्रमाणपत्र, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, खतौनी नकल, जन्म प्रमाणपत्र मृत्यु प्रमाणपत्र, जन्म प्रमाणपत्र ग्रामीण, मृत्यु प्रमाणपत्र ग्रामीण कुटुंब रजिस्टर नकल रोजगार पंजीकरण, रोजगार पंजीकरण, नवीनीकरण, नए राशन कार्ड और नवीनीकरण, राशनकार्ड संशोधन व सरेंडर, समाज कल्याण विभाग की पेंशन, पारिवारिक लाभ योजना, शादी अनुदान योजना, बीमारी योजना, विधवा पेंशन, एससी/ एसटी उत्पीड़न सहायता योजना, दहेज पीड़ित सहायता योजना व कानूनी सहायता, विधवाओं की बेटी शादी अनुदान योजना, विकलांग विभाग की दंपति पुरस्कार योजना, पुनर्वसन योजना, विवाह सहायता योजना, कृत्रिम उपकरण सहायता के लिए आवेदन करने की सेवाएं उपलब्ध हैं ।
इन सेवाओं के साथ करीब 90 नई सेवाओं का भी आगाज होना है जिसमें कृषि विभाग की मृदा परीक्षण, बीज अनुदान, कृषि संबंधी उपकरण, खाद्य एवं औषधि विभाग की पंजीकरण आदि सेवाएं, परिवहन विभाग की डीएल आवेदन, पंजीकरण आदि सेवाएं, पुलिस विभाग की गुमशुदा सूचना, एफआईआर स्टेटस आदि, श्रम विभाग की पंजीकरण सहित अन्य योजनाएं, मुख्यमंत्री कार्यालय लोक शिकायत अनुभाग सेवा, रोडवेज बस सेवा के लिए ऑनलाइन टिकट बुकिंग आदि शामिल है ।
ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर देवेश सिंह ने बताया कि ई-डिस्ट्रिक्ट के तहत अभी 26 सेवाएं उपलब्ध है करीब 90 नई सेवाओं को शुरू कराने की तैयारी चल रही। सभी ग्राम पंचायतों एवं नगरीय क्षेत्रों में 10 हजार की आबादी पर एक सेंटर खोलने की योजना है। हरदोई के लिए तय किए गए सर्विस प्रोवाइडर से बातचीत हो रही। फरवरी माह से नए सेंटरों की स्थापना एवं नई सेवाओं का आगाज शुरू हो जाएगा ।